Delhi News: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में राजधानी दिल्ली में नीति आयोग की शासी परिषद की 11वीं हाई-लेवल मीटिंग शुरू हो गई है। इस महत्वपूर्ण बैठक में साल 2047 तक भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने के बड़े लक्ष्य पर गंभीर मंथन जारी है। सरकार का मुख्य फोकस देश के समावेशी मानव विकास को एक नया और मजबूत ढांचा देना है।
प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पोस्ट शेयर करते हुए लिखा कि वे इस बैठक की कप्तानी कर रहे हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि सहकारी संघवाद की मजबूत भावना के साथ सभी राज्य देश की विकास यात्रा को रफ्तार देने के लिए एकजुट हैं। केंद्र और राज्य सरकारों के सामूहिक प्रयास इस विजन को पूरा करेंगे।
समावेशी मानव विकास के चार सबसे मजबूत स्तंभ
आधिकारिक बयान के मुताबिक इस बार एजेंडा मुख्य रूप से चार बड़े पिलर्स पर टिका हुआ है। इसमें सबसे पहले भविष्य के लिए तैयार स्किल और ह्यूमन कैपिटल को मजबूत करना शामिल है। इसके साथ ही देश के युवाओं के लिए नए रोजगार पैदा करना, स्टार्टअप और एंटरप्रेन्योरशिप को बढ़ावा देना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।
इस बड़े मिशन के तहत देश में हर नागरिक के लिए स्वास्थ्य, पोषण और बेहतर लाइफस्टाइल सुनिश्चित की जाएगी। नीति आयोग की यह टीम सभी वर्गों के लिए समानता और सम्मान की भावना को मजबूत करने पर काम कर रही है। देश के हर हिस्से तक विकास का लाभ पहुंचाने के लिए एक मजबूत ब्लूप्रिंट तैयार किया गया है।
मुख्य सचिवों के नेशनल कांफ्रेंस की बड़ी सिफारिशें
यह काउंसिल दिसंबर 2025 में आयोजित मुख्य सचिवों के पांचवें नेशनल कांफ्रेंस की महत्वपूर्ण सिफारिशों को भी लागू करेगी। आमतौर पर इस शासी परिषद की एनुअल मीटिंग हर साल आयोजित होती है, जहां विकास योजनाओं का रिव्यू होता है। इससे पहले सरकार ने पिछले साल 24 मई को यह अहम बैठक बुलाई थी।
Author: Gaurav Malhotra


