Himachal News: हिमाचल प्रदेश की राजनीति में इस समय बड़ा सियासी भूचाल आ गया है। पूर्व कांग्रेस उपाध्यक्ष नीरज भारती के तीखे आरोपों के बीच मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने रविवार को एक बेहद हैरान करने वाला बयान दिया है। उन्होंने कहा कि एक ‘नशेड़ी’ व्यक्ति के बयानों को बिल्कुल भी गंभीरता से नहीं लिया जाना चाहिए।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने शिमला में मीडिया संवाददाताओं से बात करते हुए साफ कहा कि इस बयानबाजी का कोई बड़ा सियासी मतलब नहीं है। यदि कोई ऐसा व्यक्ति कभी कुछ बोलता है, तो उस पर कोई बड़ा मुद्दा नहीं बनाना चाहिए। उन्होंने जनता से इन दावों पर ध्यान न देने की अपील की है।
सरकार पर भ्रष्टाचार और गड़बड़ी के गंभीर आरोप
राज्य के कृषि मंत्री चंद्र कुमार के पुत्र नीरज भारती ने सरकार की कार्यशैली और प्रशासनिक कामकाज पर गहरी असंतुष्टि जताई थी। इसके बाद उन्होंने हिमाचल प्रदेश कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष पद से अपना त्यागपत्र दे दिया। उन्होंने सुक्खू सरकार के तहत ठेकेदारों के भुगतान में भारी अनियमितताओं के गंभीर आरोप लगाए हैं।
नीरज भारती पिछले कुछ दिनों से लगातार सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से अपनी ही सरकार को घेर रहे थे। उन्होंने प्रशासन के भीतर चल रहे कथित भ्रष्टाचार को उजागर करने का दावा किया था। इसके बाद से ही राज्य की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का एक नया दौर शुरू हो गया था।
कांग्रेस पार्टी ने लिया बड़ा एक्शन, छह साल के लिए निकाला
इस पूरे घटनाक्रम के बाद प्रदेश कांग्रेस ने नीरज भारती के खिलाफ बेहद सख्त कदम उठाया है। पार्टी ने उन्हें अनुशासनहीनता और पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होने के कारण छह साल के लिए निष्कासित कर दिया है। संगठन ने साफ संदेश दिया है कि सरकार के खिलाफ बयानबाजी बर्दाश्त नहीं होगी।
वहीं दूसरी तरफ नीरज भारती के पिता और कैबिनेट मंत्री चंद्र कुमार ने भी अपने बेटे के बयानों से पूरी तरह किनारा कर लिया है। उन्होंने सार्वजनिक रूप से कहा कि वह इन दावों से बिल्कुल असहमत हैं। यह पूरी तरह अनुशासनहीनता का मामला है, जो सरकार और संगठन दोनों की छवि को नुकसान पहुंचाता है।
Reported By: Sunita Gupta


