Himachal Pradesh News: हिमाचल प्रदेश कांग्रेस ने अनुशासनहीनता के खिलाफ सख्त कदम उठाते हुए पूर्व विधायक और पार्टी के पूर्व वाइस प्रेसिडेंट नीरज भारती को छह साल के लिए बाहर कर दिया है। शिमला स्थित राजीव भवन में मंगलवार को हुई डिसिप्लिनरी कमेटी की मीटिंग में इस कड़े फैसले पर अंतिम मुहर लगाई गई।
सोशल मीडिया पर बयानबाजी करने वालों को सख्त चेतावनी
कांग्रेस की इस हाई लेवल मीटिंग में पार्टी हाईकमान ने सभी लीडर्स और वर्कर को साफ संदेश दिया है। अब अगर कोई भी नेता फेसबुक या किसी अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर सरकार या संगठन के खिलाफ बयानबाजी करेगा, तो उसे तुरंत सस्पेंड कर दिया जाएगा। अनुशासन को लेकर पार्टी अब पूरी तरह गंभीर है।
यह महत्वपूर्ण बैठक अनुशासन समिति के चेयरमैन और विधायक कुलदीप सिंह राठौर की अगुवाई में हुई। इसमें कैबिनेट मंत्री हर्षवर्धन चौहान, विधायक आशीष बुटेल, हरदीप सिंह बाबा और अनुराधा राणा सहित कई सीनियर नेता मौजूद रहे। मीटिंग में नीरज भारती के पुराने बयानों की पूरी फाइल चेक करने के बाद सर्वसम्मति से प्रस्ताव पास किया गया।
कैबिनेट मंत्री के बेटे पर गिरी गाज, तीन अन्य भी सस्पेंड
नीरज भारती सूक्खु कैबिनेट के वरिष्ठ मंत्री चंद्र कुमार के बेटे हैं। वह कांग्रेस के टिकट पर दो बार विधायक चुने जा चुके हैं। वह पूर्व सीएम वीरभद्र सिंह की सरकार में चीफ पार्लियामेंट्री सेक्रेटरी (सीपीएस) भी रहे थे। कुछ समय पहले ही उन्होंने हिमाचल कांग्रेस के वाइस प्रेसिडेंट पद से रिजाइन किया था।
इस्तीफा देने के बाद से नीरज भारती लगातार इंटरनेट पर मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सूक्खु की वर्किंग स्टाइल और कैबिनेट के फैसलों पर निशाना साध रहे थे। कमेटी ने उनके अलावा हरि सिंह, लाभ सिंह और आकाश शर्मा को भी पार्टी विरोधी एक्टिविटीज के आरोप में छह साल के लिए पार्टी से टर्मिनेट कर दिया है।
चेयरमैन कुलदीप सिंह राठौर ने कड़े शब्दों में कहा कि कांग्रेस में रहकर किसी भी तरह का आंतरिक विवाद बर्दाश्त नहीं होगा। यदि किसी को कोई शिकायत है, तो वह पार्टी फोरम पर अपनी बात रखे। पब्लिक प्लेटफॉर्म या मीडिया में जाकर सरकार की इमेज खराब करने वालों को बिल्कुल बख्शा नहीं जाएगा।
Reported By: Harikarishan Sharma


