Himachal Pradesh News: हिमाचल प्रदेश में एचआरटीसी यात्रियों को जल्द नई सुविधा मिलने वाली है। प्रदेश में 90 नई इलेक्ट्रिक बसों की पहली खेप पहुंच गई है। निगम प्रबंधन इन बसों की अंतिम जांच में जुटा है। जांच पूरी होते ही बसों को विभिन्न डिपुओं में भेजा जाएगा। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू इन बसों को हरी झंडी दिखाएंगे।
एचआरटीसी लंबे समय से नई इलेक्ट्रिक बसों का इंतजार कर रहा था। अब पहली खेप आने के बाद प्रदेश के कई प्रभावित रूटों पर राहत मिलने की उम्मीद बढ़ गई है। निगम ने जानकारी दी है कि अगले 10 दिनों के भीतर नई बसों को अलग-अलग डिपुओं तक पहुंचाने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
नई ई-बसों में यात्रियों को मिलेंगी बेहतर सुविधाएं
नई इलेक्ट्रिक बसों का डिजाइन पुरानी नीली बसों से पूरी तरह अलग रखा गया है। इन बसों का रंग हरा किया गया है। सीटों को अधिक आरामदायक बनाया गया है ताकि यात्रियों को लंबी दूरी में भी बेहतर सफर मिल सके। कंपनी ने दावा किया है कि एक बार चार्ज होने पर बसें 180 किलोमीटर तक चल सकेंगी।
एचआरटीसी की तकनीकी टीम फिलहाल इन बसों का ट्रायल और प्रदर्शन जांच रही है। प्रदेश के अधिकांश डिपुओं में ट्रायल पूरा हो चुका है। केवल शिमला जिले के कुछ हिस्सों में परीक्षण बाकी है। ट्रायल सफल रहने के बाद निगम इन बसों को नियमित रूटों पर उतार देगा।
लोकल रूटों पर बसों की कमी होगी दूर
प्रदेश के कई जिलों में एचआरटीसी बसों की कमी लगातार परेशानी बनी हुई है। खासकर ग्रामीण और लोकल रूटों पर यात्रियों को लंबे इंतजार का सामना करना पड़ता है। कई जगह निगम बसों को क्लब कर संचालित कर रहा है। नई इलेक्ट्रिक बसों के आने से यह दबाव काफी कम होने की उम्मीद है।
शिमला समेत प्रदेश के कई डिपुओं में लंबे समय से अतिरिक्त बसों की मांग उठ रही थी। अब नई ई-बसों के साथ निगम डीजल बसों की खरीद भी कर रहा है। अधिकारियों का मानना है कि इन दोनों योजनाओं के पूरा होने के बाद एचआरटीसी के बेड़े में बसों की कमी काफी हद तक खत्म हो जाएगी।
प्रदेश में तैयार हुए 35 फास्ट चार्जिंग स्टेशन
एचआरटीसी ने इलेक्ट्रिक बसों के बेहतर संचालन के लिए प्रदेशभर में 35 चार्जिंग स्टेशन तैयार कर दिए हैं। इन स्टेशनों पर फास्ट चार्जिंग प्वाइंट लगाए गए हैं ताकि बसों को कम समय में चार्ज किया जा सके। निगम ने 21 अतिरिक्त चार्जिंग स्टेशन के लिए टेंडर प्रक्रिया भी पूरी कर ली है।
निगम की योजना प्रदेश में कुल 80 ई-चार्जिंग स्टेशन स्थापित करने की है। यह काम तीन चरणों में पूरा होगा। चार्जिंग नेटवर्क मजबूत होने के बाद इलेक्ट्रिक बसों का संचालन और अधिक आसान होगा। इससे भविष्य में पर्यावरण अनुकूल सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा मिलने की भी उम्मीद है।
एचआरटीसी उपाध्यक्ष अजय वर्मा ने बताया कि निगम को कुल 297 इलेक्ट्रिक बसें मिलनी हैं। इनमें से 90 बसें हिमाचल पहुंच चुकी हैं। उन्होंने कहा कि अंतिम निरीक्षण पूरा होने के बाद बसों को अलग-अलग जिलों में भेजा जाएगा। बाकी बसें भी जल्द प्रदेश में पहुंचने वाली हैं।
Author: Sunita Gupta

