Tehran News: ईरान सरकार अपने दिवंगत सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की अंतिम विदाई के लिए एक बेहद ऐतिहासिक और अभूतपूर्व अंत्येष्टि कार्यक्रम की तैयारी कर रही है। राजधानी तेहरान में शनिवार से शुरू होकर लगभग एक सप्ताह तक चलने वाली इस अंत्येष्टि में लाखों लोगों के शामिल होने की उम्मीद है।
ईरान और इराक के पांच प्रमुख शहरों में होंगे अंतिम विदाई कार्यक्रम
इस ऐतिहासिक कार्यक्रम के तहत ईरान और इराक के कम से कम पांच अलग-अलग शहरों में कई बड़े शोक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। हालांकि, अयातुल्ला खामेनेई के उत्तराधिकारी और उनके बेटे मोजतबा खामेनेई मार्च में नए सर्वोच्च नेता चुने जाने के बाद से अभी तक सार्वजनिक रूप से नजर नहीं आए हैं।
राजनीतिक गलियारों में यह बात अब भी रहस्य बनी हुई है कि मोजतबा अपने पिता के इस अंतिम संस्कार में शामिल होंगे या नहीं। खामेनेई केवल ईरान के राष्ट्राध्यक्ष ही नहीं थे, बल्कि उन्होंने पूरी दुनिया में खुद को एक बेहद प्रभावशाली शिया धर्मगुरु के तौर पर भी मजबूती से स्थापित किया था।
राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने देश की जनता से की अंत्येष्टि में आने की अपील
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने देश के हर वर्ग, नस्ल, धर्म और अलग राजनीतिक सोच रखने वाले सभी ईरानियों से इस अंत्येष्टि में शामिल होने की अपील की है। उन्होंने कहा कि इंटरनेशनल लेवल पर देश की एकजुटता और मजबूत छवि दिखाने के लिए लोगों की यह भारी मौजूदगी बेहद जरूरी है।
इस वीआईपी अंत्येष्टि कार्यक्रम में भारत की तरफ से भी कई सीनियर लीडर्स शामिल होने जा रहे हैं। कांग्रेस पार्टी की ओर से पूर्व विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद प्रतिनिधित्व करेंगे, जबकि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की तरफ से पूर्व केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी को भी औपचारिक न्योता मिला है।
भारत सरकार की ओर से विदेश राज्य मंत्री और बिहार के गवर्नर जाएंगे ईरान
भारत सरकार का आधिकारिक प्रतिनिधित्व करने के लिए विदेश राज्य मंत्री पबित्रा मार्गेरिटा और बिहार के माननीय राज्यपाल सैयद अता हसनैन शुक्रवार को एक स्पेशल फ्लाइट से ईरान के लिए रवाना होंगे। भारत के कई क्षेत्रीय दलों के नेताओं को भी इस बड़े कार्यक्रम के लिए इनविटेशन मिला है।

