Kolkata News: पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने श्रावण मास में शिव मंदिरों में जल चढ़ाने वाले श्रद्धालुओं के लिए बड़ी घोषणा की है। उन्होंने कहा कि सावन के हर सोमवार को भक्तों पर हेलिकॉप्टर से पुष्पवर्षा की जाएगी, जो मौसम की स्थिति पर निर्भर करेगी।
मुख्यमंत्री ने राज्य में होने वाली सालाना रथ यात्रा की तैयारियों को लेकर सचिवालय में एक उच्च स्तरीय बैठक की। यह महत्वपूर्ण यात्रा 16 जुलाई को निकाली जाएगी। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने शिव भक्तों और रथ यात्रा समितियों के लिए कई कल्याणकारी घोषणाएं कीं।
तारकेश्वर धाम के विकास के लिए 15 करोड़
श्रावण मास 30 जुलाई से शुरू होकर 28 अगस्त तक चलेगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार शेउराफुली से तारकेश्वर तक और श्रावण मेला मार्ग पर हर पांच किलोमीटर पर विशेष सेवा केंद्र स्थापित कर रही है। इन केंद्रों पर श्रद्धालुओं को पुलिस सहायता, स्वास्थ्य सेवाएं, पीने का पानी और ओआरएस मिलेगा।
सरकार ने राज्य में तीन बड़े तीर्थस्थल केंद्र चिह्नित किए हैं। इनमें तारकेश्वर, जलपेश मंदिर और भूटान सीमा के पास स्थित जयंती क्षेत्र का मंदिर शामिल हैं। मुख्यमंत्री के अनुसार, सरकार प्रसिद्ध तारकेश्वर धाम में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए 15 करोड़ रुपये के विकास कार्य करा रही है।
60 रथ यात्रा समितियों को मिलेगा वित्तीय अनुदान
सीएम शुभेंदु अधिकारी ने 60 प्रतिष्ठित रथ यात्रा समितियों को पांच-पांच लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का ऐलान किया है। उन्होंने पिछली सरकारों पर केवल पुलिस तैनाती कर जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकास भी, विरासत भी’ के दृष्टिकोण से प्रेरित है।
इसके अतिरिक्त, राज्य भर में लगने वाले 75 पारंपरिक रथ यात्रा मेलों में श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सेवा केंद्र बनाए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि दूसरे राज्यों की तरह अब पश्चिम बंगाल सरकार भी इन धार्मिक परंपराओं का सक्रिय रूप से समर्थन करेगी, जिससे अब तक श्रद्धालुओं को वंचित रखा गया था।

