Pune News: पुणे के बहुचर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड से जूझ रहे पीड़ित परिवार पर दुखों का एक और पहाड़ टूट पड़ा है। अपने जवान बेटे को खोने के गम से परिवार अभी उबर भी नहीं पाया था कि केतन के दादा देवीचंद अग्रवाल का शनिवार रात पुणे के एक अस्पताल में निधन हो गया।
पोते की मौत के सदमे से टूटे दादा, जुपिटर अस्पताल में ली अंतिम सांस
परिजनों के अनुसार, 71 वर्षीय देवीचंद अग्रवाल अपने पोते की निर्मम हत्या का गहरा सदमा बर्दाश्त नहीं कर सके। शनिवार, 4 जुलाई 2026 की रात लगभग 9:45 बजे पुणे के जुपिटर हॉस्पिटल में डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। केतन की आकस्मिक मौत के बाद से ही उनकी तबीयत लगातार बिगड़ रही थी।
गहरे मानसिक आघात के कारण ‘ब्रोकन हार्ट सिंड्रोम’ के हुए शिकार
अस्पताल के डॉक्टरों के मुताबिक, देवीचंद अग्रवाल ‘ब्रोकन हार्ट सिंड्रोम’ (गहरे मानसिक आघात) से पीड़ित हो गए थे। पोते के निधन के बाद से उन्होंने खाना-पीना छोड़ दिया था, जिससे उनका ब्लड प्रेशर और शुगर लेवल बेहद असंतुलित हो गया था। विशेषज्ञ डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका।
अग्रवाल परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़, स्थानीय समाज में शोक की लहर
इस दोहरे वज्रपात से पूरा अग्रवाल परिवार पूरी तरह बिखर गया है। स्थानीय निवासियों ने बताया कि देवीचंद जी अपने पोते के बेहद करीब थे और उसकी शादी को लेकर बहुत उत्साहित थे। केतन की मौत के गम में परिवार के सबसे बुजुर्ग सदस्य का इस तरह चले जाना पूरे क्षेत्र को गमगीन कर गया है।
खाई में धक्का देकर हुई थी कारोबारी केतन अग्रवाल की हत्या
उल्लेखनीय है कि 18 जून को युवा कारोबारी केतन अग्रवाल का शव लोहागढ़ की 400 फीट गहरी खाई से बरामद हुआ था। पुलिस तफ्तीश में खुलासा हुआ कि केतन की हत्या उसकी मंगेतर सिया गोयल और उसके प्रेमी चेतन चौधरी ने मिलकर की थी। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।

