Uttar Pradesh Crime: उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले में गुरुवार देर रात आए भीषण आंधी-तूफान के बीच एक बड़ा हादसा हो गया। बेतवा नदी पर बन रहे एक निर्माणाधीन पुल का बड़ा हिस्सा अचानक भरभराकर गिर गया। इस हादसे में वहां काम कर रहे छह मजदूरों की मलबे में दबकर दर्दनाक मौत हो गई है।
यह दर्दनाक हादसा ललपुरा थाना क्षेत्र के मोराकंदर परसानी और कुरारा के नैथी गांव को जोड़ने वाले पुल पर हुआ। प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार देर रात करीब तीन बजे तेज आंधी और बारिश शुरू हुई थी। इसी दौरान अचानक निर्माणाधीन पुल का भारी-भरकम स्लैब नीचे सो रहे मजदूरों पर गिर गया।
हादसे के बाद प्रशासन ने शुरू किया रेस्क्यू ऑपरेशन
स्थानीय लोगों की सूचना पर पुलिस प्रशासन और एसडीआरएफ की टीमें तुरंत दुर्घटनास्थल पर पहुंच गईं। राहत दल ने मलबे को हटाकर तेजी से बचाव कार्य शुरू किया। पुलिस ने मलबे से छह शवों को बाहर निकाला है। वहीं कुछ अन्य मजदूरों के अभी भी मलबे में फंसे होने की आशंका है।
हादसे के वक्त तीन मजदूर पुल के ऊंचे पिलर पर ही फंस गए थे। रेस्क्यू टीम ने कड़े प्रयास के बाद उन्हें सुरक्षित नीचे उतार लिया है। जिला प्रशासन ने मृतकों की पहचान बांदा निवासी लोकेंद्र, कुलदीप, सावंत, सभाजीत और हमीरपुर निवासी पुष्पेंद्र सिंह चौहान व राजेश पाल के रूप में की है।
खराब मौसम के कारण बाधित हुआ बचाव कार्य
तेज आंधी-तूफान के कारण पूरे हमीरपुर जिले में सैकड़ों पेड़ उखड़ गए हैं। इस वजह से बिजली आपूर्ति पूरी तरह ठप हो गई है। बिजली न होने और लगातार हो रही बारिश के कारण रेस्क्यू टीम को रात में राहत कार्य चलाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
इस बड़े हादसे के बाद अब पुल निर्माण कंपनी की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों ने खराब मौसम के बावजूद सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम न होने का आरोप लगाया है। जिला प्रशासन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पूरी घटना की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिए हैं।
Author: Raj Thakur


