Himachal News: हिमाचल प्रदेश के रामपुर में सतलुज नदी की उफनती लहरों के बीच एक जांबाज पुलिस जवान ने इंसानियत की मिसाल पेश की है। मौत को गले लगाने के लिए नदी में कूदी एक महिला को आरक्षी सतपाल ने अपनी जान जोखिम में डालकर सुरक्षित बाहर निकाल लिया। यह घटना मंगलवार को वजीर बावड़ी पुल पर हुई, जहां पुलिस की आंखों के सामने ही महिला ने छलांग लगा दी थी। जवान की इस बहादुरी ने न केवल एक जान बचाई, बल्कि पूरे महकमे का सिर गर्व से ऊंचा कर दिया है।
पुलिस के पहुंचते ही महिला ने गहरे पानी में लगाई छलांग
रामपुर थाना पुलिस को मंगलवार को एक सूचना मिली थी। वजीर बावड़ी पुल पर एक महिला आत्महत्या की कोशिश कर रही है। थाना प्रभारी तुरंत अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। जैसे ही पुलिस की टीम वहां पहुंची, महिला ने बिना सोचे-समझे उफनती सतलुज नदी में छलांग लगा दी। मौके पर मौजूद लोग और पुलिसकर्मी सन्न रह गए। नदी का बहाव तेज था, लेकिन पुलिस ने एक सेकंड भी जाया नहीं किया।
आरक्षी सतपाल की जांबाजी: वर्दी पहनकर ही कूद गए नदी में
पुल से महिला को गिरता देख पुलिस टीम के आरक्षी सतपाल ने अदम्य साहस दिखाया। उन्होंने अपनी सुरक्षा की परवाह किए बिना तुरंत सतलुज नदी में छलांग लगा दी। सतपाल ने लहरों से मुकाबला करते हुए डूबती हुई महिला को मजबूती से पकड़ लिया। अन्य पुलिसकर्मियों ने भी सक्रिय सहयोग दिया और कड़ी मशक्कत के बाद महिला को सुरक्षित बाहर निकाला गया। इस बचाव कार्य को देख वहां मौजूद हर शख्स की सांसें थमी हुई थीं।
कुल्लू की रहने वाली है महिला, अस्पताल में चल रहा इलाज
नदी से बाहर निकाली गई महिला की पहचान कुल्लू जिले के निरमंड की रहने वाली 44 वर्षीय महिला के रूप में हुई है। उन्हें तत्काल खनेरी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों की निगरानी में उनका उपचार जारी है। पुलिस ने महिला के परिजनों को सूचित कर उन्हें सौंप दिया है। महिला ने यह आत्मघाती कदम क्यों उठाया, इसकी जांच की जा रही है। फिलहाल उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।


