Uttar Pradesh News: मुजफ्फरनगर की खालापार थाना पुलिस ने अवैध हथियारों की अंतरजनपदीय तस्करी करने वाले एक बड़े गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस टीम ने घेराबंदी करके 10 शातिर तस्करों को गिरफ्तार किया है। हालांकि गिरोह को मुख्य सप्लाई देने वाले दो आरोपी पुलिस को चकमा देकर फरार हो गए।
पुलिस ने पकड़े गए अपराधियों के पास से भारी मात्रा में अवैध हथियार बरामद किए हैं। इनमें 32 बोर की तीन पिस्टल, सात अवैध तमंचे, 10 मोबाइल फोन और एक बाइक शामिल है। पुलिस की शुरुआती जांच में पता चला है कि यह गिरोह कई जिलों में हथियारों की सप्लाई करता था।
तहसील के पीछे खंडहर में चल रही थी डील
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) संजय कुमार वर्मा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि खालापार थाना पुलिस मीनाक्षी चौक पर चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि हथियारों के तस्कर तहसील के पीछे एक खंडहरनुमा स्थान पर बड़ी डील के लिए इकट्ठा हुए हैं।
थाना प्रभारी बबलू कुमार वर्मा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मौके पर तगड़ी घेराबंदी की। पुलिस ने मौके से मुकुल, अजय, सोनू राणा, दीपांशु, ओमवीर त्यागी, समीर, निखिल, वंश मलिक, करण कश्यप और ललित सैनी को दबोच लिया। सभी आरोपी आपस में गहरे दोस्त हैं।
पुलिस पूछताछ में गिरफ्तार तस्करों ने कबूला कि वे पिछले काफी समय से इस अवैध धंधे में शामिल थे। उन्हें हथियारों की मुख्य सप्लाई उमर और तस्लीम नाम के दो तस्कर देते थे। पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है और उन्हें जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
मेरठ और गाजियाबाद समेत कई जिलों में नेटवर्क
इस शातिर गैंग ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश के शामली, सहारनपुर, गाजियाबाद, हापुड़ और मेरठ समेत कई जनपदों में हथियारों की बड़ी खेप सप्लाई की थी। आरोपी अवैध पिस्टल को 25 से 30 हजार रुपये में और तमंचे को 5 से 7 हजार रुपये में बेचकर भारी मुनाफा कमाते थे।
एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने इस शानदार कामयाबी पर खालापार पुलिस टीम की जमकर सराहना की है। उन्होंने शानदार काम करने वाली पुलिस टीम के लिए 20 हजार रुपये के नकद इनाम की घोषणा की है। पुलिस ने सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर आरोपियों को जेल भेज दिया है।
Author: Ajay Mishra

