Solan News: हिमाचल प्रदेश की सोलन पुलिस ने नशा तस्करों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के तहत एक मामले में वित्तीय जांच करते हुए 68,16,521.19 रुपये की संदिग्ध राशि को फ्रीज कर दिया है। पुलिस के अनुसार यह धनराशि चिट्टा तस्करी से कमाई गई थी।
पुलिस ने इस अवैध आय (ड्रग प्रोसीड्स) के खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम के अध्याय-5ए के तहत एक्शन लिया है। कानून के नियमों के तहत पुलिस ने आरोपियों से संबंधित बैंक खातों को तुरंत फ्रीज कर दिया। यह मामला इसी साल अप्रैल महीने में दर्ज किया गया था।
चार राज्यों में फैला था तस्करों का नेटवर्क
परवाणू पुलिस ने मोग्लिक्स होटल के पास एक गाड़ी से 11.45 ग्राम चिट्टा और 3.56 ग्राम मेथामफेटामाइन बरामद किया था। पुलिस ने मौके से हरियाणा के पंकज राज और सिद्धांत गुप्ता को गिरफ्तार किया था। जांच में सामने आया कि आरोपियों का नेटवर्क कई राज्यों में फैला हुआ था।
पुलिस जांच और डिजिटल ट्रांजेक्शन के विश्लेषण से पता चला कि अंबाला का अमन कुमार इन्हें नशीले पदार्थ सप्लाई करता था। पुलिस ने वित्तीय सबूतों के आधार पर अमन को भी दबोच लिया। इसके बाद पुलिस ने बैंक खातों की गहन जांच शुरू की।
अवैध कमाई पर पुलिस का कड़ा शिकंजा
वित्तीय जांच में पंकज राज के खातों में 67.55 लाख रुपये मिले। वहीं मुख्य सप्लायर अमन कुमार के खाते में 60,938 रुपये जमा थे। पुलिस ने कुल 68.16 लाख रुपये को अपराध की कमाई मानते हुए फ्रीज कर दिया। तस्करों का जाल हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़ और हिमाचल में सक्रिय था।
पुलिस अधीक्षक टीएसडी वर्मा ने कार्रवाई की पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि जिला पुलिस अब केवल नशीले पदार्थों की बरामदगी तक सीमित नहीं है। पुलिस अब तस्करों की अवैध कमाई और संपत्तियों को भी जब्त कर रही है। भविष्य में भी यह सख्त अभियान जारी रहेगा।

