Delhi News: देश की आम जनता पर महंगाई का एक और बड़ा बोझ बढ़ गया है। वैश्विक ऊर्जा बाजार में जारी भारी उथल-पुथल के बीच सरकारी तेल कंपनियों ने आज से रसोई गैस की कीमतों में बढ़ोतरी कर दी है। इस नए बदलाव के तहत घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दाम में 29 रुपए की सीधी वृद्धि की गई है।
तीन महीनों में दूसरी बार बढ़ीं एलपीजी की कीमतें
उद्योग जगत से जुड़े सूत्रों के अनुसार, दिल्ली में अब 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी गैस सिलेंडर की कीमत 913 रुपए से बढ़कर 942 रुपए हो गई है। वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के कारण पिछले तीन महीनों के भीतर आम उपभोक्ताओं पर यह दूसरी बड़ी बढ़ोतरी थोपी गई है।
इससे पहले मार्च महीने में भी पश्चिम एशिया संकट के चलते ईंधन आपूर्ति प्रभावित होने पर सिलेंडर के दाम 60 रुपए बढ़ाए गए थे। आंकड़ों के मुताबिक, इस ताजा संशोधन से पहले तक सरकारी तेल विपणन कंपनियों को प्रत्येक घरेलू सिलेंडर की बिक्री पर लगभग 703 रुपए का भारी नुकसान उठाना पड़ रहा था।
कमर्शियल गैस सिलेंडरों के दाम भी पहले बढ़े
ईरान, इजरायल और अमेरिका के बीच बढ़े तनाव के बावजूद सरकार ने घरेलू गैस की कीमतें लंबे समय तक स्थिर रखी थीं। हालांकि, इससे पहले एक मई को कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की कीमत में 993 रुपए का बड़ा इजाफा किया गया था। इसके बाद एक जून को भी कमर्शियल गैस फिर से 42 रुपए महंगी हुई थी।
मंत्रालय ने कहा आपूर्ति पूरी तरह से सामान्य
देश में एलपीजी की उपलब्धता को लेकर पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने स्थिति साफ की है। मंत्रालय ने आधिकारिक बयान जारी कर कहा कि देशभर में गैस सिलेंडर की सप्लाई पूरी तरह सामान्य है। किसी भी खुदरा गैस एजेंसी पर स्टॉक खत्म होने या किल्लत जैसी कोई भी स्थिति नहीं बनी है।
सरकार ने जमाखोरी और कालाबाजारी को रोकने के लिए देशव्यापी सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही होर्मुज जलडमरूमध्य संकट के बावजूद भारतीय रिफाइनरियां उच्च क्षमता पर काम कर रही हैं। देश के पास कच्चे तेल का पर्याप्त भंडार मौजूद है और घरेलू स्तर पर भी उत्पादन बढ़ाया गया है।
Author: Rajesh Kumar


