Delhi News: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ईंधन बचाने की राष्ट्रव्यापी अपील पर दिल्ली सरकार द्वारा घोषित पहला ‘मेट्रो मंडे’ आज (18 मई) से शुरू हो गया है। सरकार के इस बड़े अभियान को देखते हुए आम जनता और सरकारी कर्मचारियों से अपने निजी वाहनों को छोड़कर सिर्फ सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करने का आग्रह किया गया है।
इस विशेष अभियान के कारण सोमवार को दिल्ली मेट्रो और बसों में यात्रियों की भारी भीड़ बढ़ने की पूरी संभावना है। इसी को ध्यान में रखते हुए दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने आज से अतिरिक्त छह मेट्रो ट्रेनें पटरियों पर उतार दी हैं, जो लाइनों पर एक्स्ट्रा फेरे लगाएंगी।
सड़कों पर दौड़ेंगी डीटीसी की सभी 6,300 बसें
यात्रियों की सहूलियत के लिए दिल्ली परिवहन निगम (DTC) की सभी 6,300 सक्रिय बसें आज सड़कों पर मौजूद रहेंगी। इसके अलावा, राजधानी की 29 प्रमुख सरकारी कॉलोनियों से कर्मचारियों और अधिकारियों को उनके नजदीकी मेट्रो स्टेशनों तक सुरक्षित लाने और ले जाने के लिए 58 विशेष शटल बसों को काम पर लगाया गया है।
इस पुख्ता व्यवस्था का मुख्य मकसद यह है कि सभी श्रेणी के कर्मचारी और अधिकारी अपनी कॉलोनियों से निकलकर मेट्रो स्टेशन तक आराम से पहुंच सकें। सरकार के इस पर्यावरण अनुकूल अभियान में आम जनता के साथ-साथ दिल्ली सरकार के कई मंत्रियों और शीर्ष अधिकारियों के भी मेट्रो से सफर करने की उम्मीद है।
दिल्ली में पब्लिक ट्रांसपोर्ट का ऐसा है विशाल ढांचा
दिल्ली मेट्रो वर्तमान में 416 किलोमीटर लंबे विशाल नेटवर्क पर काम कर रही है, जिसमें 303 स्टेशन और 343 ट्रेनें शामिल हैं। मेट्रो के जरिए रोजाना 4,500 से अधिक फेरे लगाए जाते हैं। दिल्ली सहित नोएडा, गुरुग्राम, फरीदाबाद और गाजियाबाद के 65 लाख से अधिक यात्री हर दिन इस लाइफलाइन का उपयोग करते हैं।
वहीं, बसों के बेड़े में शामिल कुल 6,300 बसों में से 4,538 अत्याधुनिक इलेक्ट्रिक बसें हैं। इनमें अलग-अलग रूटों के हिसाब से 9 मीटर और 12 मीटर श्रेणी की ई-बसें और 100 फीडर बसें चलाई जा रही हैं। दिल्ली से सटे रोहतक, सोनीपत, पानीपत और धारूहेड़ा जैसे एनसीआर क्षेत्रों के लिए भी ई-बसें उपलब्ध हैं।
हर सोमवार को चलेंगी 6 एक्स्ट्रा ट्रेनें, बढ़ाई गई सुरक्षा
भीड़ को नियंत्रित करने के लिए डीएमआरसी अब से प्रत्येक सोमवार को छह अतिरिक्त ट्रेनों के माध्यम से कुल 24 एक्स्ट्रा फेरे संचालित करेगी। स्टेशनों पर यात्रियों की सुरक्षा और सहायता के लिए अतिरिक्त सुरक्षा स्टाफ तैनात रहेगा। इसके अलावा लास्ट-माइल कनेक्टिविटी सर्विस को भी काफी मजबूत किया गया है।
टिकट काउंटरों पर लंबी कतारों से बचाने के लिए अतिरिक्त टिकट खिड़कियां खोली गई हैं। भीड़ को तेजी से क्लीयर करने के लिए स्टेशनों के प्रवेश द्वारों पर अतिरिक्त डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर (DFMD) और नए बैगेज स्कैनर चालू किए गए हैं, ताकि लोगों को सफर के दौरान किसी भी प्रकार की परेशानी न हो।
Author: Gaurav Malhotra

