Mumbai News: भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने आयरलैंड और इंग्लैंड दौरे के लिए शनिवार को जैसे ही टीम इंडिया का एलान किया, वैसे ही क्रिकेट जगत में एक बड़ा विवाद खड़ा हो गया। भारत को हाल ही में टी20 वर्ल्ड कप का खिताब जिताने वाले कप्तान सूर्यकुमार यादव को कप्तानी से तो हाथ धोना ही पड़ा, साथ ही उन्हें मुख्य टीम से भी पूरी तरह बाहर का रास्ता दिखा दिया गया है।
चयन समिति का यह अप्रत्याशित और चौंकाने वाला फैसला कई पूर्व खिलाड़ियों और क्रिकेट फैंस को बिल्कुल रास नहीं आ रहा है। भारत के दिग्गज और अनुभवी स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने चयनकर्ताओं के इस विवादित कदम पर कड़ी नाराजगी जताई है। उन्होंने बीसीसीआई को क्रिकेट के बुनियादी उसूलों और मर्यादा की याद दिलाई है।
अश्विन ने चयन समिति के फैसले पर जताई गहरी हैरानी
स्टार स्पिनर आर अश्विन ने सूर्यकुमार यादव को इस तरह अचानक हटाए जाने पर चयन समिति के विवेक पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि वह चयनकर्ताओं के इस अजीबोगरीब फैसले को देखकर पूरी तरह हैरान हैं। पूरी चयन प्रक्रिया पर कई गंभीर सवाल खड़े होते हैं।
अश्विन ने एक प्रतिष्ठित स्पोर्ट्स वेबसाइट से खास बातचीत करते हुए कहा कि चयन के लिहाज से यह भारतीय क्रिकेट के इतिहास में एक बेहद रोचक मिसाल पेश की गई है। यह पूरी प्रक्रिया जिस अजीब तरीके से पूरी की गई है, वह किसी को भी डराने और हैरान करने के लिए काफी है।
भविष्य के लिए मिसाल बनेगा यह ऐतिहासिक दिन
अनुभवी गेंदबाज अश्विन ने आगे कहा कि मुझे इस फैसले की नीयत पर कोई शक नहीं है। इसके बावजूद चयन के लंबे इतिहास में इस दिन को हमेशा एक ऐतिहासिक दिन के तौर पर दर्ज किया जाएगा। भविष्य में जब भी ऐसी कोई बड़ी परिस्थिति सामने आएगी, तब इस दिन को एक मिसाल के रूप में याद रखा जाएगा।
अश्विन का मानना है कि किसी भी सफल टीम को चलाने के लिए कुछ बेहद जरूरी उसूल होते हैं। उन्होंने सिर्फ सूर्यकुमार ही नहीं, बल्कि स्टार ऑलराउंडर अक्षर पटेल को भी अचानक उप-कप्तानी के पद से हटाए जाने पर चयनकर्ताओं को आड़े हाथों लिया और इसे पूरी तरह गलत फैसला बताया।
अक्षर पटेल को नजरअंदाज करने पर उठाए गंभीर सवाल
आर अश्विन ने हाल ही में श्रेयस अय्यर को टी20 टीम में शामिल करने की वकालत की थी। उन्होंने कहा कि श्रेयस अय्यर ने कोलकाता को अपनी कप्तानी में आईपीएल का खिताब दिलाया है। उनके पास मैच जीतने के लिए काफी सारी बेहतरीन रणनीतियां होती हैं, जिस पर कोई सवाल नहीं उठा सकता।
उन्होंने आगे कहा कि अक्षर पटेल टीम के उप-कप्तान के रूप में कप्तानी के लिए सबसे बड़ी और स्वाभाविक पसंद थे। इसके बावजूद अगर मौजूदा उप-कप्तान को कप्तानी की रेस से बाहर कर दिया जाता है, तो हमें चयन प्रक्रिया की निष्पक्षता पर बार-बार कड़े सवाल पूछने होंगे।
Author: Prem Sharma


