Himachal News: हिमाचल प्रदेश में मौसम एक बार फिर करवट लेने वाला है। मौसम विभाग ने राज्य के कई हिस्सों में झमाझम बारिश और बर्फबारी का येलो अलर्ट जारी किया है। पहाड़ों पर 3 अप्रैल तक मौसम खराब रहने की पूरी संभावना है। इस दौरान 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं भी चलेंगी। यह बदलता मौसम न केवल आम जनजीवन बल्कि किसानों की तैयार फसलों के लिए भी बड़ी मुसीबत बन सकता है।
मार्च के अंत में तूफानी हवाओं की चेतावनी
हिमाचल में इस समय मौसम का मिजाज काफी अस्थिर बना हुआ है। आज प्रदेश के कई इलाकों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने 29 और 30 मार्च को लेकर भी सख्त चेतावनी दी है। इन दो दिनों में भारी आंधी और बिजली गिरने की पूरी आशंका है। इस दौरान 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। ऐसे में लोगों को घरों से बाहर निकलते समय बहुत सतर्क रहने की जरूरत है।
अप्रैल के पहले हफ्ते में भी नहीं मिलेगी राहत
मार्च के बाद अप्रैल की शुरुआत भी खराब मौसम के साथ ही होगी। मौसम विभाग के अनुसार 31 मार्च और 1 अप्रैल को भी कई जगहों पर बारिश होगी। हालांकि, इन दो दिनों के लिए कोई विशेष अलर्ट नहीं है। लेकिन 2 और 3 अप्रैल को मौसम फिर से अपने तीखे तेवर दिखाएगा। इस दौरान राज्य के अलग-अलग हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। साथ ही ऊंचाई वाले पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी होने के भी पूरे आसार हैं।
किसानों और बागवानों की बढ़ गई चिंताएं
लगातार बदलते इस मौसम ने किसानों की रातों की नींद उड़ा दी है। मार्च के दूसरे हफ्ते से ही राज्य में रुक-रुक कर बारिश का दौर जारी है। इस बारिश से सूखे से तो थोड़ी राहत मिली है, लेकिन तापमान में भारी गिरावट आई है। आने वाले दिनों में बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि का सबसे बड़ा खतरा फसलों पर है। इससे गेहूं, सरसों और बागवानी से जुड़ी फसलों को भारी नुकसान पहुंच सकता है।


