Gujarat News: सूरत के सिंगानपोर इलाके में रविवार रात एक चाय की दुकान पर शुरू हुआ साधारण सा विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया। इस हिंसक टकराव में दो प्रवासी युवकों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद एक्टिव हुई पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस आलोक कुमार के अनुसार यह खौफनाक वारदात रात करीब 1:30 बजे घटित हुई। मृतकों की पहचान भातू माली और हर्षल पाटिल के रूप में हुई है। यह दोनों मूल रूप से महाराष्ट्र के रहने वाले थे और सूरत में रहकर अपना काम-धंधा करते थे।
गुटखा मांगने पर शुरू हुई थी मामूली बहस
पुलिस जांच के अनुसार भातू माली, हर्षल पाटिल और उनके दो साथी कतारगाम तथा लिंबायत इलाकों से चाय की दुकान पर पहुंचे थे। उन्होंने वहां मौजूद दुकानदार से गुटखा मांगा। दुकानदार ने कहा कि समय ज्यादा होने के कारण दुकान पूरी तरह बंद हो चुकी है और सामान नहीं मिलेगा।
उसी समय दुकान के अंदर कुछ स्थानीय युवक कैरम खेल रहे थे। आरोप है कि बाहर से आए समूह ने जबरन दुकान में घुसने की कोशिश की। इसके बाद अंदर मौजूद लोगों से उनकी तीखी बहस शुरू हो गई। शुरुआती कहासुनी के बाद दोनों पक्ष अलग हो गए थे।
चाकू और धारदार हथियारों से किया जानलेवा हमला
कुछ देर बाद माली, पाटिल और उनके साथी चाकू लेकर वापस दुकान पर लौट आए। इसी दौरान दोनों पक्षों के बीच भयानक टकराव हो गया। इस हिंसक झड़प में धारदार हथियारों का खुलकर इस्तेमाल हुआ, जिससे भातू माली और हर्षल पाटिल गंभीर रूप से घायल हो गए।
हमले में एक युवक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया, जबकि दूसरे की इलाज के दौरान मौत हो गई। डीसीपी आलोक कुमार ने स्पष्ट किया कि यह कोई पूर्व नियोजित हमला नहीं था। यह गुस्सा अचानक बढ़ा और जानलेवा साबित हुआ। दो फरार आरोपियों की तलाश जारी है।
अपराधियों को पकड़ने के लिए पुलिस की छापेमारी
सूचना मिलते ही सिंगानपोर पुलिस स्टेशन, क्राइम ब्रांच और लोकल क्राइम ब्रांच की टीमों ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। पुलिस ने महज कुछ घंटों के अंदर दो मुख्य आरोपियों को दबोच लिया। पकड़े गए आरोपियों के मोबाइल फोन और सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार मृतकों में से एक युवक का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है। उस पर पहले भी मारपीट के कई गंभीर मामले दर्ज थे। शहर से बाहर निकालने का एक प्रस्ताव भी विचाराधीन था। पुलिस ने कहा कि कानून हाथ में लेना किसी भी हाल में जायज नहीं है।
सिंगानपोर में सुरक्षा और अतिरिक्त पुलिस बल तैनात
सिंगानपोर सूरत का बेहद घनी आबादी वाला क्षेत्र है। यहाँ महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश और बिहार के लाखों प्रवासी मजदूर रहते हैं। रात की शिफ्ट में काम करने वाले इन मजदूरों के लिए चाय के ठेले आम हैं। यहाँ शराब और ग्रुपिज्म के कारण छोटे विवाद बड़े बन जाते हैं।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ हत्या (धारा 302), हत्या का प्रयास (धारा 307) और आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है। औद्योगिक केंद्र होने के कारण सूरत की सुरक्षा बहुत जरूरी है। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर पूरे सिंगानपोर इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया है।
Author: Raj Thakur


