Delhi News: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में एक महत्वपूर्ण संदेश दिया है। उन्होंने सरकारी कामकाज में विभिन्न विभागों के बीच आपसी तालमेल और समन्वय की जरूरत पर विशेष जोर दिया। इसके साथ ही पीएम ने नीट-यूजी पुनर्परीक्षा के सफल और सुचारू संचालन के लिए किए गए सरकारी प्रयासों की जमकर सराहना की।
प्रधानमंत्री ने कैबिनेट बैठक के दौरान नीट पुनर्परीक्षा का विशेष उदाहरण पेश किया। उन्होंने मंत्रियों से कहा कि बड़ी समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए हमेशा एक समग्र दृष्टिकोण अपनाना जरूरी है। उन्होंने विभिन्न मंत्रालयों के बीच आपसी समन्वय को बढ़ाने पर बल दिया ताकि देश के युवाओं को किसी तरह की परेशानी न हो।
पश्चिम एशिया संकट के दौरान भी दिखा मंत्रालयों का बेहतरीन तालमेल
पीएम मोदी ने बैठक में पुरानी चुनौतियों का जिक्र भी किया। उन्होंने बताया कि पश्चिम एशिया संकट के समय सरकार ने इसी तरह मिलकर काम किया था। तब ऊर्जा की भारी कमी होने की आशंका बढ़ गई थी। उस वक्त आम जनता को परेशानी से बचाने के लिए विभिन्न मंत्रालयों के बीच तालमेल के महत्व को रेखांकित किया गया था।
देश की ऊर्जा और समुद्री सुरक्षा के लिए संयुक्त प्रयास बेहद जरूरी
प्रधानमंत्री ने पहले भी देश की ऊर्जा सुरक्षा और समुद्री सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी मंत्रालयों के संयुक्त प्रयासों का आह्वान किया था। संकट के समय विदेशों में फंसे भारतीयों को सुरक्षित सहायता प्रदान करने के लिए सरकार ने अंतर-मंत्रालयी समूह भी बनाए थे, जिनकी नियमित बैठकें आज भी लगातार आयोजित की जाती हैं।

