Himachal News: हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने सोमवार को शिमला में एक अहम कार्यक्रम में हिस्सा लिया। उन्होंने ऐतिहासिक गेयटी थिएटर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की पत्रिका मातृवंदना के विशेषांक का विमोचन किया। इस दौरान राज्यपाल ने कई महत्वपूर्ण और ज्वलंत मुद्दों पर खुलकर अपनी बेबाक राय रखी। उन्होंने नारी शक्ति, सरकाघाट की दुखद घटना और राज्य सरकार के साथ तालमेल पर बड़ी बातें कही हैं। राज्यपाल का यह बयान पूरे प्रदेश में काफी चर्चा का विषय बन गया है।
मातृवंदना पत्रिका जगाती है गहरी राष्ट्रभक्ति की भावना
राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पत्रिका की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि मातृवंदना जैसी पत्रिकाएं समाज में राष्ट्रभक्ति की भावना को बहुत मजबूत करती हैं। यह बरसों से समाज में राष्ट्रीय चेतना को बढ़ाने का शानदार काम कर रही है। ऐसी पत्रिकाएं आम नागरिकों के अंदर देश के प्रति बड़ी जिम्मेदारी का भाव जगाती हैं। यह समाज को एक बेहद सकारात्मक और सही दिशा देने में अपनी बहुत ही महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
नीति निर्धारक के रूप में आगे आएं देश की महिलाएं
इस खास मौके पर राज्यपाल ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर भी अपनी जोरदार प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि देश में लगभग पचास प्रतिशत मतदाता केवल महिलाएं हैं। महिलाओं को सिर्फ मतदाता बनकर नहीं रहना चाहिए। उन्हें नीति निर्धारक के रूप में सक्रिय भूमिका निभाने का पूरा अवसर मिलना चाहिए। भारतीय संस्कृति में महिलाओं को हमेशा सबसे ऊंचा स्थान दिया गया है। भगवान कृष्ण से पहले हमेशा देवी राधा का नाम बड़े ही सम्मान के साथ लिया जाता है।
सरकाघाट की दर्दनाक घटना पर राज्यपाल ने जताया कड़ा शोक
राज्यपाल ने मंडी जिले के सरकाघाट में हुई दर्दनाक घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया। वहां एक उन्नीस वर्षीय कॉलेज छात्रा की बेहद बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। राज्यपाल ने इस घटना को बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण और निंदनीय करार दिया। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश पूरे देश में एक बेहद शांतिप्रिय राज्य माना जाता है। यहाँ ऐसी खौफनाक घटनाएं बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं की जा सकती हैं। उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की उम्मीद जताई।
राज्य के विकास के लिए सरकार के साथ मिलकर करेंगे काम
कार्यक्रम के अंत में राज्यपाल ने मुख्यमंत्री से मुलाकात के सवाल पर भी अपना जवाब दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रदेश के समग्र विकास के लिए सभी को एकजुट होकर काम करना होगा। राज्यपाल ने प्रदेश की जनता को एक बहुत बड़ा भरोसा दिलाया है। उन्होंने कहा कि वह राज्य सरकार के साथ हमेशा बेहतर समन्वय बनाकर चलेंगे। हिमाचल प्रदेश की भलाई और तरक्की के लिए उनके निरंतर प्रयास भविष्य में भी इसी तरह पूरी मजबूती से जारी रहेंगे।

