Himachal News: हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले में आस्था के सफर पर निकले एक परिवार की खुशियां मातम में बदल गईं। शुक्रवार शाम बंगाणा उपमंडल के मंदली में गोबिंद सागर झील के किनारे एक 25 वर्षीय युवक की डूबने से मौत हो गई। मृतक की पहचान तरनतारन (पंजाब) निवासी आकाशदीप के रूप में हुई है। वह अपने दोस्तों के साथ सुप्रसिद्ध बाबा बालक नाथ मंदिर (शाहतलाई) माथा टेकने जा रहा था। हादसे के बाद से झील के गहरे पानी में युवक का कोई सुराग नहीं मिल पाया है।
हाथ-पैर धोते वक्त फिसला पैर और हो गया हादसा
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आकाशदीप और उसके साथी सफर की थकान मिटाने के लिए मंदली घाट पर रुके थे। आकाशदीप झील के किनारे हाथ-पैर धोने के लिए पानी के पास गया। इसी दौरान अचानक उसका संतुलन बिगड़ गया और वह सीधे गहरे पानी में जा गिरा। दोस्तों ने उसे बचाने के लिए शोर मचाया और कोशिश भी की, लेकिन पानी का बहाव और गहराई ज्यादा होने के कारण वह आंखों से ओझल हो गया।
अंधेरे के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन में आई बाधा
हादसे की खबर मिलते ही बंगाणा थाना प्रभारी रोहित चौधरी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। स्थानीय लोगों की मदद से तुरंत तलाश शुरू की गई। हालांकि, शाम ढलने और अंधेरा होने के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन को रोकना पड़ा। पुलिस ने बताया कि झील का यह हिस्सा काफी गहरा है, जिस वजह से स्थानीय गोताखोरों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
अब बीबीएमबी के गोताखोर संभालेंगे मोर्चा
प्रशासन ने अब मामले की गंभीरता को देखते हुए बीबीएमबी (BBMB) नंगल से पेशेवर गोताखोरों की टीम बुलाई है। थाना प्रभारी रोहित चौधरी ने पुष्टि की है कि शनिवार सुबह से फिर से सघन तलाशी अभियान चलाया जाएगा। पुलिस ने युवक के परिजनों को सूचित कर दिया है और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। श्रद्धा के सफर में हुआ यह हादसा इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है।


