Bihar News: बिहार के भागलपुर और इसके आसपास के इलाकों में आसमान पर छाए घने बादलों, पुरवाई हवाओं और झमाझम फुहारों ने मानसून की दस्तक के संकेत दे दिए हैं। भीषण गर्मी और लू से परेशान लोगों के लिए यह बदला हुआ मौसम बड़ी राहत लेकर आया है। मौसम विज्ञानियों के अनुसार, रविवार को भी जिले में हल्की से मध्यम बारिश होने की पूरी संभावना बनी हुई है।
लगातार बढ़ती नमी और सक्रिय मौसमी तंत्र के कारण पूरा वातावरण अब पूरी तरह मानसूनी रंग में ढलता नजर आ रहा है। शनिवार को सुबह से लेकर शाम तक कई बार रुक-रुक कर हुई तेज बारिश ने मौसम को बेहद सुहाना बना दिया है। इस मानसूनी फुहार के बाद से ही क्षेत्र के तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD), भागलपुर केंद्र के वैज्ञानिक अनुपम नाहर ने बताया कि शनिवार सुबह साढ़े आठ बजे तक 35.6 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई थी। इसके बाद सुबह साढ़े आठ बजे से शाम साढ़े पांच बजे तक 2.8 मिमी अतिरिक्त वर्षा दर्ज हुई। इस तरह पूरे दिनभर में कुल 38.4 मिमी बारिश दर्ज की गई, जिससे लोगों को उमस भरी गर्मी से बड़ी निजात मिली।
मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दो से तीन दिनों में दक्षिण-पश्चिम मानसून के और आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां बेहद अनुकूल बनी हुई हैं। यह मानसून जल्द ही मध्य अरब सागर, महाराष्ट्र, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, तमिलनाडु और बंगाल की खाड़ी के शेष हिस्सों में तेजी से आगे बढ़ेगा, जिससे देश के अन्य राज्यों में भी मौसम बदलेगा।
चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय होने से बढ़ी नमी
आईएमडी के वैज्ञानिक रोहित अमन ने बताया कि देश के विभिन्न हिस्सों में कई ऊपरी वायु चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय हैं, जो मानसून को लगातार गति दे रहे हैं। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, दक्षिण कर्नाटक और उसके आसपास के क्षेत्रों में समुद्र तल से 3.1 किलोमीटर ऊपर एक मजबूत चक्रवाती परिसंचरण तंत्र बना हुआ है, जो हवाओं को प्रभावित कर रहा है।
इसके अलावा उत्तर-पूर्वी उत्तर प्रदेश, पूर्वी उत्तर प्रदेश, झारखंड और आसपास के क्षेत्रों में भी लगभग 0.9 किलोमीटर की ऊंचाई पर अलग-अलग वायु परिसंचरण सक्रिय हैं। इन सभी मजबूत मौसमी प्रणालियों के संयुक्त प्रभाव के कारण बिहार सहित पूरे पूर्वी भारत के वायुमंडल में नमी की मात्रा लगातार बढ़ रही है, जिससे वर्षा के लिए परिस्थितियां अनुकूल हो गई हैं।
शनिवार को भागलपुर का अधिकतम तापमान 32.4 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 23.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दिनभर हवा की औसत गति लगभग तीन किलोमीटर प्रति घंटा रही, जबकि हवा की दिशा दक्षिण-पूर्वी बनी रही। वातावरण में आर्द्रता बढ़कर 98 प्रतिशत तक पहुंच गई, जिससे उमस के बावजूद मानसूनी एहसास और गहरा हो गया।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि यदि मौजूदा मौसमी तंत्र इसी तरह सक्रिय रहा तो आने वाले दिनों में जिले में और अच्छी बारिश देखने को मिलेगी। इसका सीधा और बड़ा लाभ खरीफ फसलों की तैयारी में जुटे स्थानीय किसानों को मिलेगा। इसके साथ ही भीषण गर्मी से जूझ रहे आम लोगों को भी आने वाले दिनों में झुलसाने वाली गर्मी से लगातार राहत मिलती रहेगी।
Author: Shilla Bhatia


