Himachal Pradesh News: राज्य चुनाव आयोग ने हिमाचल प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष विद्या नेगी के खिलाफ बड़ा कदम उठाया है। पंचायत चुनावों में उनके कथित चुनाव प्रचार मामले पर आयोग ने कड़ा संज्ञान लिया है। चुनाव आयोग ने उपायुक्त कुल्लू से पूरे मामले की विस्तृत रिपोर्ट तलब कर ली है।
भाजपा के राज्य कार्यालय सचिव प्रमोद ठाकुर ने राज्य चुनाव आयुक्त को यह लिखित शिकायत भेजी थी। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि विद्या नेगी कुल्लू और मनाली क्षेत्र में सत्तारूढ़ कांग्रेस समर्थित उम्मीदवारों के पक्ष में सक्रिय रूप से चुनावी प्रचार कर रही हैं।
सोशल मीडिया और जमीन पर प्रचार करने का आरोप
शिकायत के अनुसार वह न केवल धरातल पर चुनावी गतिविधियों में शामिल रहीं, बल्कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भी सक्रिय दिखीं। भाजपा का कहना है कि राज्य महिला आयोग एक वैधानिक एवं अर्ध-न्यायिक संस्था है। इस गरिमामयी पद से पूरी राजनीतिक निष्पक्षता की उम्मीद की जाती है।
विपक्ष ने आरोप लगाया कि आयोग की अध्यक्ष का किसी राजनीतिक दल या उम्मीदवार के समर्थन में खुलकर प्रचार करना गलत है। यह कदम आदर्श आचार संहिता और सार्वजनिक पद की गरिमा के खिलाफ है। मामले की गंभीरता को देखते हुए चुनाव आयोग ने तत्काल प्रशासनिक रिपोर्ट मांगी है।
राज्य चुनाव आयोग के अतिरिक्त सचिव सूरजीत सिंह राठौर ने इस प्रशासनिक कार्रवाई की आधिकारिक पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि इस संबंध में उपायुक्त कुल्लू से तथ्यात्मक रिपोर्ट मांगी गई है। यह मामला बेहद हाई प्रोफाइल है, इसलिए रिपोर्ट मिलने के बाद आगामी बड़ी कार्रवाई होगी।
संवैधानिक निष्पक्षता को लेकर विपक्ष ने खोला मोर्चा
हिमाचल में चल रहे पंचायत चुनावों के बीच इस मामले के सामने आने से सियासी पारा चढ़ गया है। मुख्य विपक्षी दल भाजपा ने इसे संवैधानिक संस्थाओं की निष्पक्षता से जुड़ा बेहद गंभीर मामला बताया है। विपक्ष ने आरोपी अध्यक्ष के खिलाफ तुरंत सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
दूसरी तरफ राजनीतिक गलियारों और प्रशासनिक हलकों में भी अब आयोग की अगली संभावित कार्रवाई को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। कुल्लू प्रशासन इस समय मामले से जुड़े सभी वायरल वीडियो और सोशल मीडिया पोस्ट्स की बारीकी से जांच कर अपनी रिपोर्ट तैयार कर रहा है।
Author: Harikarishan Sharma

