New Delhi News: भारतीय घरों में चाय बनाना भी किसी बारीक कला से कम नहीं माना जाता है। सुबह की बेड टी से लेकर शाम की थकान मिटाने वाली कड़क चाय तक, हर कप का स्पेशल और परफेक्ट होना बेहद जरूरी है। अगर इसमें थोड़ी भी गड़बड़ हुई तो पूरा मूड खराब हो जाता है।
कई बार ऐसा होता है कि चाय को जरूरत से ज्यादा उबालने या चाय पत्ती की मात्रा ज्यादा गिर जाने से उसका टेस्ट पूरी तरह कड़वा हो जाता है। ऐसी स्थिति में चाय का रंग भी गहरा काला दिखने लगता है। इस तरह की कड़वी चाय को कोई भी पीना पसंद नहीं करता है।
अगर आपकी चाय भी अक्सर ऐसी हो जाती है, तो उसे फेंकने या दोबारा बनाने की बिल्कुल भी जरूरत नहीं है। आप रसोई में मौजूद कुछ आसान चीजों की मदद से कड़वी चाय के स्वाद और रंग दोनों को मिनटों में पहले जैसा बिल्कुल परफेक्ट और लाजवाब बना सकते हैं।
कड़वी चाय के स्वाद को तुरंत ठीक करने वाले 3 आसान हैक्स
अगर दूध वाली चाय में चायपत्ती ज्यादा गिर गई है और कड़वापन बढ़ गया है, तो तुरंत उसमें थोड़ा सा उबला हुआ गर्म दूध मिला दें। ऐसा करने से चाय का गाढ़ापन और कड़वापन दोनों तुरंत संतुलित हो जाते हैं। इससे चाय का रंग भी हल्का और आकर्षक हो जाता है।
यदि घर में उबला दूध उपलब्ध न हो, तो दूध के ऊपर जमी ताजी मलाई का इस्तेमाल करें। थोड़ी सी मलाई को एक कप में निकालकर अच्छी तरह फेंट लें और फिर इसे उबलती हुई चाय में डाल दें। यह हैक कड़वाहट को सोखकर चाय को मलाईदार और स्वादिष्ट बना देता है।
चाय ज्यादा उबलने के कारण कड़वी लग रही हो, तो उसमें तुरंत दो हरी इलायची कूटकर डाल दें। इलायची डालने के बाद गैस को फौरन बंद कर दें और बर्तन को 10 सेकंड के लिए ढक दें। इससे इलायची की खुशबू कड़वे स्वाद को पूरी तरह दबा देती है।
जानिए आखिर क्यों बार-बार कड़वी हो जाती है आपकी चाय?
अक्सर चाय के कड़वे होने के पीछे कुछ मुख्य कारण होते हैं, जिन पर ध्यान देना जरूरी है। पहला कारण पानी और दूध के अनुपात में चायपत्ती का ज्यादा गिर जाना है। इससे चाय का रंग जरूरत से ज्यादा गाढ़ा हो जाता है और स्वाद में कसैलापन आ जाता है।
इसके अलावा चाय को बार-बार या बहुत तेज आंच पर देर तक उबालने से भी पत्तियों से हानिकारक टैनिन बाहर निकल आता है। यही टैनिन चाय के असली स्वाद को बिगाड़कर उसे कड़वा बना देता है। इसलिए चाय को कभी भी बहुत ज्यादा देर तक नहीं खौलना चाहिए।
एक बड़ी गलती यह भी होती है कि लोग चाय बनने के बाद उसे काफी देर तक छानते नहीं हैं। बर्तन में चायपत्ती डूबे रहने से उसका अर्क लगातार निकलता रहता है। चाय बनाते समय इन बातों का ध्यान रखकर आप हमेशा परफेक्ट और रिफ्रेशिंग चाय का आनंद ले सकते हैं।
Author: Karuna Sen


