Kerala News: दक्षिण भारतीय राज्य केरल में एक बेहद खतरनाक और जानलेवा बीमारी तेजी से पैर पसार रही है। केरल स्वास्थ्य विभाग ने सोमवार को शिगेला संक्रमण के कारण दो और मरीजों की दर्दनाक मौत होने की आधिकारिक पुष्टि की है, जिससे पूरे राज्य में हड़कंप मच गया है।
राज्य के वरिष्ठ स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार इस जानलेवा बीमारी से मरने वाले मरीजों की कुल संख्या अब बढ़कर पांच हो गई है। लगातार बढ़ती मौतों के आंकड़ों ने स्थानीय प्रशासन और डॉक्टरों की चिंता को बहुत ज्यादा बढ़ा दिया है, जिससे चिकित्सा विभाग अलर्ट पर है।
सात साल के मासूम बच्चे ने इलाज के दौरान दम तोड़ा
स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि मलप्पुरम जिले के पूक्कोट्टूर क्षेत्र के रहने वाले सात वर्षीय मासूम बच्चे अर्जव को गंभीर हालत में कोझिकोड सरकारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वहां इलाज के दौरान सोमवार को उस मासूम ने दम तोड़ दिया।
मासूम अर्जव को तेज बुखार और दस्त की गंभीर शिकायत होने के बाद बीते बारह जून को अस्पताल के आईसीयू वार्ड में दाखिल कराया गया था। डॉक्टरों ने जब उसकी गहन चिकित्सकीय जांच की तो उसमें शिगेला संक्रमण के होने की आधिकारिक पुष्टि हुई थी।
त्रिशूर जिले के तैंतालीस वर्षीय व्यक्ति की भी हुई मौत
स्वास्थ्य विभाग ने जांच के बाद यह भी साफ किया है कि त्रिशूर जिले के कोडकारा के रहने वाले एक तैंतालीस वर्षीय व्यक्ति की बीते तेरह जून को हुई अचानक मौत का मुख्य कारण भी यही खतरनाक और जानलेवा शिगेला बैक्टीरियल संक्रमण ही था।
स्वास्थ्य सेवा निदेशालय द्वारा जारी ताजा आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार सोमवार को तिरुवनंतपुरम, कोल्लम, त्रिशूर, मलप्पुरम, कन्नूर और कोझिकोड जैसे प्रभावित जिलों से शिगेला संक्रमण के आठ नए पुष्ट मामले सामने आए हैं। इन नए मरीजों को तुरंत आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कराया गया है।
जून के महीने में दर्ज किए गए इकहत्तर नए मामले
इस चालू वर्ष में पूरे राज्य में शिगेला बीमारी के कुल मरीजों की संख्या तेजी से बढ़कर एक सौ सैंतालीस तक पहुंच गई है। चौंकाने वाली बात यह है कि इनमें से इकहत्तर गंभीर मामले अकेले इसी जून के महीने में दर्ज किए गए हैं।
चिकित्सा विशेषज्ञों के अनुसार शिगेला मुख्य रूप से एक बेहद गंभीर विषाणु जनित बैक्टीरियल संक्रमण है। यह बीमारी मानव शरीर में प्रवेश करते ही मरीज को लगातार तेज बुखार, दस्त और पेट में असहनीय मरोड़ जैसी कई गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं पैदा करती है।
दूषित भोजन और गंदे पानी के सेवन से फैलता है वायरस
यह खतरनाक संक्रमण मुख्य रूप से दूषित भोजन खाने या गंदा पानी पीने के जरिए इंसानी शरीर में बहुत तेजी से फैलता है। इसके अलावा किसी संक्रमित मरीज के सीधे संपर्क में आने पर भी स्वस्थ व्यक्ति के इस बीमारी की चपेट में आने का खतरा रहता है।
स्वास्थ्य विभाग ने आम जनता के लिए विशेष एडवाइजरी जारी करते हुए पानी को हमेशा उबालकर पीने और साफ-सफाई का पूरा ध्यान रखने की सख्त हिदायत दी है। प्रभावित इलाकों में मेडिकल टीमों को भेजकर पानी के स्रोतों की जांच कराई जा रही है।
Author: Asha Thakur


