Pune News: पुणे के बहुचर्चित उद्योगपति केतन हत्याकांड में जांच के दौरान कई हैरान करने वाले तथ्य सामने आ रहे हैं। इस मामले में गिरफ्तार आरोपी सिया और चेतन पुलिस पूछताछ में शांत बने हुए हैं और उनके हाव-भाव में अपराध का कोई पछतावा नहीं दिख रहा है। पुलिस फिलहाल उनके हर दावे का बारीकी से सत्यापन कर रही है।
जांच अधिकारियों को आशंका है कि आरोपी अपनी बातों से पुलिस को गुमराह करने की कोशिश कर सकते हैं। पूछताछ में सिया ने दावा किया है कि केतन के गंजेपन को लेकर अक्सर विवाद होता था, लेकिन पुलिस इस दलील को हत्या का कारण मानने के बजाय इसे जांच भटकाने की एक चाल मानकर चल रही है।
फास्ट ट्रैक कोर्ट और उज्ज्वल निकम की नियुक्ति
मामले की गंभीरता को देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराने का बड़ा फैसला लिया है। इसके साथ ही सरकार ने वरिष्ठ अधिवक्ता और सांसद उज्ज्वल निकम को विशेष सरकारी वकील के रूप में नियुक्त किया है। मुख्यमंत्री ने स्वयं निकम से बात करके इस केस को मजबूती से आगे बढ़ाने का अनुरोध किया है।
केतन के पिता ने इसे सुनियोजित साजिश करार दिया है। उनके अनुसार, सिया 18 जून को जन्मदिन के बहाने केतन को किले पर ले गई थी। परिवार का यह भी आरोप है कि इससे पहले 14 जून को भी सिया ने केतन को धक्का देकर जान से मारने का प्रयास किया था। पुलिस अब इन सभी आरोपों की गहन जांच कर रही है।
पुलिस सूत्रों की मानें तो आरोपियों का व्यवहार जांच में कई उलझनें पैदा कर रहा है। वे पूछताछ के दौरान बेहद स्थिर हैं, जो जांच टीम के लिए एक चुनौती बना हुआ है। पुलिस हर एक डिजिटल सबूत और गवाहों के बयानों को जोड़कर देख रही है ताकि कोर्ट में इस मामले को मजबूती से साबित किया जा सके।

