Bihar News: नीट-यूजी 2026 परीक्षा रद्द होने के बाद देश के होनहार छात्रों का भविष्य पूरी तरह अधर में लटक गया है। इस गंभीर मुद्दे पर राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। राजद के प्रदेश प्रवक्ता चित्तरंजन गगन ने व्यवस्था की खामियों पर तीखा प्रहार किया है।
राजद प्रवक्ता ने कहा कि सरकारी कोताहियों के चलते देश के होनहारों के सुसाइड नोट सामने आ रहे हैं। उन्होंने उत्तर प्रदेश के लखीमपुर-खीरी के 21 वर्षीय रितिक मिश्रा का जिक्र किया। रितिक ने अपने सुसाइड नोट में बेहद भावुक होकर लिखा था कि ‘अब नहीं देनी प्रतियोगी परीक्षा’।
चित्तरंजन गगन के मुताबिक, पिछले तीन वर्षों से दिल्ली में रहकर नीट की तैयारी कर रही अंशिका पाण्डेय ने परीक्षा रद्द होने की खबर सुनकर आत्महत्या कर ली। इसी प्रकार गोवा से भी एक परेशान छात्र द्वारा जान देने की दुखद और बेहद परेशान करने वाली खबर सामने आई है।
राजद का आरोप, चहेतों को लाभ पहुंचाने के लिए बनी एनटीए
राजद ने नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। प्रवक्ता ने कहा कि ऐसा प्रतीत होता है कि इस एजेंसी का गठन ही सत्ता से जुड़े पसंदीदा लोगों को अनुचित लाभ पहुंचाने के लिए हुआ है। उन्होंने राजस्थान के एक विवादित मामले का विशेष हवाला दिया।
वहां एक ही परिवार के पांच बच्चों का चयन सरकारी मेडिकल कॉलेज में हो गया, जबकि उनका पुराना एकेडमिक करियर काफी खराब रहा है। प्रवक्ता ने सवाल उठाया कि साल 2025 की परीक्षा को लेकर कोई विवाद नहीं था, लेकिन उस परिवार के तीन बच्चे तो तभी सफल हो गए थे।
बिहार में बेलगाम हुआ अपराध, राजद ने कानून-व्यवस्था पर उठाए सवाल
दूसरी तरफ, राजद के एक अन्य प्रदेश प्रवक्ता अरुण कुमार यादव ने बिहार की कानून-व्यवस्था को लेकर नई सरकार पर चौतरफा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि नई सरकार के महज एक महीने के छोटे से कार्यकाल में अपराधियों का कहर चारों तरफ चरम पर पहुंच गया है।
राजद नेता ने कहा कि पूरे राज्य में हत्या, लूट, चोरी-डकैती और दुष्कर्म की घटनाएं अब आम हो चुकी हैं। ऐसा लग रहा है कि अपराधियों के मन से शासन और पुलिस-प्रशासन का खौफ पूरी तरह खत्म हो गया है। खुद राजधानी पटना में पिछले एक हफ्ते में दर्जनों वारदातें हो चुकी हैं।
Author: Amit Yadav

