Colombia News: दक्षिण अमेरिकी देश कोलंबिया के दक्षिणी हिस्से से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। वायु सेना का एक शक्तिशाली सी-130 हरक्यूलिस विमान उड़ान भरने के कुछ ही मिनटों बाद दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस भीषण हादसे में कम से कम 66 जांबाज सैनिकों की मौत हो गई है, जबकि दर्जनों अन्य गंभीर रूप से घायल हैं। यह विमान अमेरिकी तकनीक से बना था और सैन्य टुकड़ियों को लाने-ले जाने का काम कर रहा था।
वायु सेना के कमांडर कार्लोस फर्नांडो सिल्वा रुएडा ने पुष्टि की है कि विमान में कुल 125 लोग सवार थे। इनमें सेना के 114 जवान और चालक दल के 11 सदस्य शामिल थे। विमान पुटुमायो प्रांत के प्यूर्तो लेगुइज़ामो शहर के पास गिरकर मलबे में तब्दील हो गया। मलबे के बीच से उठती आग की लपटों और धुएं ने रेस्क्यू टीम के लिए जीवित बचे लोगों को खोजना बेहद मुश्किल बना दिया है।
रक्षा मंत्री पेद्रो सांचेज़ ने इस घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने बताया कि लॉकहीड मार्टिन का बनाया गया यह ट्रांसपोर्ट विमान प्यूर्तो लेगुइज़ामो से उड़ान भर रहा था। विमान में आग लगने के कारण भीतर रखा गोला-बारूद जोरदार धमाके के साथ फट गया। पेरू की सीमा के पास हुई यह घटना कोलंबियाई वायु सेना के हालिया इतिहास की सबसे घातक त्रासदी मानी जा रही है।
नौकरशाही पर भड़के राष्ट्रपति गुस्तावो प्यूत्रो
इस हादसे के बाद कोलंबिया के राष्ट्रपति गुस्तावो प्यूत्रो ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपना गुस्सा जाहिर किया है। उन्होंने इस दुर्घटना को रोकने योग्य बताया। राष्ट्रपति ने सीधे तौर पर “नौकरशाही संबंधी समस्याओं” को इस तबाही का कारण बताया। उन्होंने लिखा कि सैन्य उपकरणों और विमानों के आधुनिकीकरण में हो रही देरी अब और बर्दाश्त नहीं की जाएगी क्योंकि युवाओं की जान दांव पर लगी है।
हादसे के बाद जो तस्वीरें सामने आ रही हैं, वे मानवीय संवेदनाओं को झकझोर देने वाली हैं। स्थानीय लोग अपनी मोटरसाइकिलों पर घायल सैनिकों को लादकर अस्पतालों की ओर भाग रहे हैं। इलाके में संसाधनों की कमी के बावजूद नागरिक और सेना मिलकर राहत कार्य में जुटे हुए हैं। सैन्य कर्मियों ने भी तस्वीरों के जरिए बताया कि घायलों को विशेष उपचार के लिए एयरलिफ्ट किया जा रहा है।
सेना ने अपने आधिकारिक बयान में पूरे कोलंबिया की एकजुटता के लिए आभार जताया है। हालांकि, हादसे की तकनीकी वजहों का खुलासा अभी नहीं हुआ है। क्या विमान के इंजन में खराबी थी या कोई मानवीय चूक, इसकी जांच के लिए एक उच्च स्तरीय कमेटी गठित की गई है। फिलहाल पूरा देश उन परिवारों के लिए शोक मना रहा है जिन्होंने इस भयानक अग्नितांडव में अपने अपनों को खो दिया।
सैन्य आधुनिकीकरण और सुरक्षा पर उठे सवाल
यह दुर्घटना कोलंबिया की रक्षा तैयारियों और पुराने पड़ चुके सैन्य विमानों पर सवाल खड़े करती है। लॉकहीड मार्टिन का सी-130 हरक्यूलिस दुनिया के भरोसेमंद विमानों में गिना जाता है। लेकिन इसमें अचानक आग लगना और गोला-बारूद का फट जाना किसी बड़ी तकनीकी खामी की ओर इशारा करता है। राष्ट्रपति के बयान ने यह स्पष्ट कर दिया है कि सुरक्षा बलों के पास बेहतर संसाधन होने चाहिए थे।
अमेज़न के घने जंगलों वाले इस क्षेत्र में रेस्क्यू ऑपरेशन चलाना बड़ी चुनौती है। दुर्गम रास्ता होने के कारण भारी मशीनरी का पहुंचना मुश्किल हो रहा है। सेना और स्थानीय संस्थाएं हाथों से मलबा हटाकर शवों को बाहर निकाल रही हैं। घायलों में से कई की हालत नाजुक बनी हुई है, जिससे मरने वालों का आंकड़ा बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
रक्षा मंत्रालय ने आश्वासन दिया है कि मृतकों के परिवारों को हर संभव मदद दी जाएगी। पूरे लैटिन अमेरिका में इस हादसे की चर्चा हो रही है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी विभिन्न देशों ने इस दुखद घड़ी में कोलंबिया के प्रति अपनी संवेदनाएं भेजी हैं। अब सबकी नजरें ब्लैक बॉक्स और जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं ताकि भविष्य में ऐसे जानलेवा हादसों को टाला जा सके।


