Washington News: अमेरिका द्वारा ईरान पर किए गए नए हवाई हमलों के बाद मध्य पूर्व में तनाव चरम पर पहुंच गया है। गुरुवार तड़के कुवैत, बहरीन और कतर में संभावित ईरानी जवाबी हमले के मिसाइल अलर्ट सायरन बजने लगे। हालांकि तीनों खाड़ी देशों से फिलहाल किसी बड़े नुकसान की खबर सामने नहीं आई है।
इससे पहले बुधवार को भी अमेरिकी सेना ने ईरानी ठिकानों को निशाना बनाया था। इसके जवाब में ईरान ने बहरीन और कुवैत की ओर कई घातक मिसाइलें दागीं। कुवैती सेना ने एक आधिकारिक बयान जारी कर कहा है कि वह ईरान की तरफ से आ रहे ड्रोन और मिसाइलों को लगातार नष्ट कर रही है।
पश्चिम एशिया में अचानक शुरू हुए इस नए सैन्य तनाव के कारण वैश्विक शेयर बाजार और कच्चे तेल के मार्केट में भारी हलचल देखी जा रही है। युद्ध के बढ़ते खतरे को देखते हुए वैश्विक स्तर पर निवेशकों के बीच काफी डर का माहौल बन गया है, जिससे व्यापार पर असर पड़ा है।
ईरान के कई शहरों में भीषण धमाके और डोनल्ड ट्रंप की खुली चेतावनी
ईरान की सरकारी मीडिया ने बुशहर, चाबहार, कोनारक, बंदर अब्बास और सिरिक समेत कई महत्वपूर्ण तटीय इलाकों में बड़े विस्फोटों की पुष्टि की है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी है कि वे ईरान के प्रमुख बिजली संयंत्रों और खारे पानी को मीठा बनाने वाले बड़े प्लांट को निशाना बनाएंगे।
अमेरिकी राष्ट्रपति ने रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण खार्ग द्वीप पर पूरी तरह कब्जा करने की अपनी पुरानी धमकी को एक बार फिर दोहराया है। दरअसल मंगलवार को ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य में तीन बड़े तेल टैंकरों पर ड्रोन हमला किया था, जिसके बाद यह पूरा विवाद भड़क उठा।
ट्रंप ने मीडिया से बातचीत में साफ कहा कि यह सैन्य कार्रवाई ईरान द्वारा जहाजों पर की गई बमबारी का सीधा बदला है। उन्होंने कड़े लहजे में चेतावनी दी कि यदि ईरान ने दोबारा ऐसी हिमाकत की, तो क्षेत्र में स्थिति बहुत ज्यादा खराब हो जाएगी और उसे गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।
दोनों देशों के बीच अंतरिम शांति समझौता पूरी तरह समाप्त हुआ
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने बुधवार को घोषणा की कि दोनों देशों के बीच युद्ध रोकने के लिए हुआ अंतरिम समझौता अब पूरी तरह खत्म हो चुका है। उन्होंने कहा कि ईरानी अधिकारी चाहे तो बातचीत की मेज पर आ सकते हैं, लेकिन मुझे लगता है कि वे सिर्फ अपना समय बर्बाद कर रहे हैं।
ट्रंप के इस कड़े बयान के तुरंत बाद वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में जबरदस्त उछाल देखने को मिला। इस बीच ईरान के उप विदेश मंत्री काजेम गरीबाबादी ने भी पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि ट्रंप की यह बयानबाजी अमेरिकी विदेश नीति की विफलता को साफ दर्शाती है।

