Uttar Pradesh News: गुरुवार रात अचानक मौसम बदला और तेज आंधी के साथ भारी बारिश शुरू हो गई। इस भयानक तूफान ने प्रयागराज जिले में भारी तबाही मचाई है। हादसे में एक महिला समेत दो लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। वहीं मलबे में दबकर आठ लोग घायल हुए हैं।
स्थानीय प्रशासन ने सभी घायलों को तुरंत अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया है। शुक्रवार सुबह पुलिस और प्रशासन के बड़े अधिकारी मौके पर पहुंचे। उन्होंने घटनास्थल की बारीकी से जांच की। इसके बाद नुकसान की विस्तृत रिपोर्ट तैयार करके उच्च अधिकारियों को तुरंत भेज दी गई है।
कोरांव में पड़ोसी का छज्जा गिरने से गई जान
कोरांव इलाके के सुभाष नगर मोहल्ले में बड़ा हादसा हो गया। पचपन वर्षीय विजय कुमार सिंह रात में अपने घर के बाहर बने टिन शेड में सो रहे थे। तभी अचानक उनके पड़ोसी के मकान की दूसरी मंजिल का छज्जा तेज आंधी के कारण गिर गया।
इस हादसे में विजय कुमार सिंह मलबे के नीचे बुरी तरह दब गए। परिजनों और आसपास के लोगों ने बड़ी मुश्किल से उन्हें बाहर निकाला। उन्हें तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। वहां जांच के बाद मौजूद चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
विजय कुमार की मौत के बाद पत्नी और पांच बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। कोरांव के एसडीएम संदीप तिवारी ने इस घटना की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि पीड़ित परिवार को सरकार के दैवीय आपदा कोष से उचित आर्थिक सहायता जल्द उपलब्ध कराई जाएगी।
कौंधियारा में जर्जर दीवार गिरने से महिला की मौत
कौंधियारा इलाके के गड़ैया कला गांव में दुखद घटना घटी। पैंतीस वर्षीय राधा पत्नी बसंत लाल गुरुवार देर रात कमरे में गहरी नींद में सो रही थीं। रात करीब दो बजे उनके मकान की पुरानी और जर्जर दीवार अचानक भरभराकर गिर पड़ी। इससे हड़कंप मच गया।
दीवार गिरने की तेज आवाज से दूसरे कमरों में सो रहे परिजनों में अफरातफरी मच गई। आसपास के लोग दौड़ पड़े। सभी ने मिलकर मलबा हटाया और राधा को निकाला। गंभीर रूप से घायल राधा को तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया था। जहां उनकी मौत हो गई।
अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने जांच के बाद राधा को मृत घोषित कर दिया। मृतका अपने पीछे दो बेटे और एक बेटी छोड़ गई है। इस आंधी और बारिश के कारण शहर में एक, मेजा में चार और कोरांव में तीन लोग जख्मी हुए हैं।
कारपेंट्री चौराहे के पास लोहे का टिन शेड गिरने से विजय गुप्ता जख्मी हो गया। उसे इलाज के लिए एसआरएन अस्पताल में भर्ती कराया गया है। तेज आंधी से गौशाला और पेड़ गिरने के कारण दस बेजुबान मवेशियों की भी दर्दनाक मौत हो गई है।
जिले भर की बिजली व्यवस्था पूरी तरह ठप हुई
जिले भर में तूफान के कारण लगभग चौबीस मकान पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए हैं। भीषण आंधी से पूरे जिले में करीब आठ सौ पेड़ जड़ से उखड़ गए। तेज हवाओं के झोंकों ने दो सौ दस बिजली के खंभों को धराशायी कर दिया।
जिले में लगभग तीन सौ पैंतालीस स्थानों पर बिजली के तार टूटकर गिर गए। ग्रामीण इलाकों में बयासी छोटे ट्रांसफार्मर गिरकर बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। शहर में भी छह बड़े ट्रांसफार्मरों में भारी तकनीकी खराबी आ गई। लालापुर में हाईटेंशन टावर बुरी तरह उखड़ गया।
इससे पूरे जिले की बिजली व्यवस्था पूरी तरह धड़ाम हो गई। हालांकि शुक्रवार सुबह नौ बजे तक बिजली विभाग ने कई उपकेंद्रों से आपूर्ति बहाल कर दी। मुख्य अभियंता राजेश कुमार ने बिजली बहाली में देरी पर अधिकारियों से गहरी नाराजगी जताते हुए जवाब तलब किया。
तेलियरगंज और मजार तिराहा उपकेंद्र के अधिकारियों की लापरवाही पर उच्चाधिकारियों ने सख्ती दिखाई। इसके बाद अंततः दोपहर के समय इन दोनों उपकेंद्रों से बिजली आपूर्ति को पूरी तरह चालू किया जा सका। करेली क्षेत्र में चार बड़े ट्रांसफार्मरों में भारी खराबी आ गई थी।
कई इलाकों में ट्राली ट्रांसफार्मर से मिली बिजली
करेली में कई बिजली के खंभे भी गिर गए थे। इसके कारण सैकड़ों घरों में बिजली आपूर्ति पूरी तरह बाधित हो गई। विभाग ने ट्राली ट्रांसफार्मर की विशेष व्यवस्था की और शुक्रवार सुबह नौ बजे आपूर्ति बहाल की, लेकिन दिनभर बिजली की आवाजाही लगातार बनी रही।
कसारी-मसारी और एक सौ बीस फीट रोड उपकेंद्र से जुड़े कई मोहल्लों में भी बिजली के तार टूट गए थे। शुक्रवार सुबह करीब पांच बजे बमरौली के अधिशासी अभियंता आरपी सिंह मौके पर पहुंचे। उन्होंने कर्मचारियों को काम पर लगाकर तारों की मरम्मत कराई थी।
उनकी मुस्तैदी से सुबह सात बजे तक आपूर्ति बहाल हो सकी। अल्लापुर के मटियारा और मजार के पास दो ट्रांसफार्मर खराब हो गए थे। अल्लापुर क्षेत्र में भी सुबह छह बजे ट्राली ट्रांसफार्मर लगाकर बिजली चालू करा दी गई। अन्य मोहल्लों में भी बिजली आ गई।
हाई कोर्ट पानी की टंकी के पास वेस्टन उपकेंद्र में लगे पावर ट्रांसफार्मर पर शुक्रवार सुबह छह बजे पेड़ की डाल अचानक गिर गई। इससे वहां मौजूद बिजली कर्मचारियों में भारी खलबली मच गई। अधिकारी राजेश कुमार, आशीष सिन्हा और राजीव यादव तुरंत मौके पर पहुंचे।
उन्होंने सावधानी से पेड़ की डाल को हटवाया। पावर ट्रांसफार्मर की जांच की गई तो वह बिल्कुल सही था। करीब चालीस मिनट बाद बिजली बहाल हुई। अधिकारियों ने बताया कि ट्रांसफार्मर खराब होने पर बड़ा आर्थिक नुकसान होता और उपभोक्ताओं को बिजली संकट से गुजरना पड़ता।
सड़कों पर जलभराव और पेड़ गिरने से लगा जाम
भारी बारिश से म्योहाल चौराहा, महात्मा गांधी मार्ग, सरदार पटेल मार्ग, रामबाग, बैरहना और लीडर रोड पर पानी भर गया। प्रीतम नगर, सुलेमसराय, स्टेनली रोड और सोहबतियाबाग में भी भारी जलभराव हुआ। लोगों ने बताया कि सड़क चौड़ीकरण में नाली न बनने से दिक्कत हुई है।
सड़कों पर पानी भरने से दोपहिया वाहन चालकों और पैदल चलने वालों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। शहर के लाउदर रोड पर एक पेड़ गिर गया, जिससे मेडिकल चौराहे से भारद्वाज चौराहे का मुख्य मार्ग काफी देर तक पूरी तरह से बाधित रहा।
बाघंबरी हाउसिंग स्कीम, बेनीगंज, सलोरी, कैंट क्षेत्र और मम्फोडगंज में पेड़ गिरने से यातायात पूरी तरह अवरुद्ध रहा। लोगों को दूसरी लेन का उपयोग करना पड़ा। पार्षदों की सूचना पर दोपहर बारह बजे तक पेड़ों को कटवाकर हटा दिया गया जिससे यातायात पूरी तरह सामान्य हुआ।
Author: Ajay Mishra

