Nagpur News: भारत को रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिए केंद्र सरकार एक और बड़ा कदम उठाने जा रही है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह शुक्रवार को नागपुर के अंबाझरी में स्थित सरकारी कंपनी ‘यंत्र इंडिया लिमिटेड’ (YIL) की आयुध फैक्ट्री में एक बेहद शक्तिशाली मशीन की आधारशिला रखेंगे।
रक्षा मंत्रालय के अनुसार, यहाँ करीब 10 हजार टन की विशाल ‘एल्युमिनियम एक्सट्रूजन प्रेस’ मशीन के लिए भूमि पूजन का भव्य कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस दौरान महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और रक्षा उत्पादन सचिव संजीव कुमार समेत कई आला प्रशासनिक अधिकारी और रक्षा विशेषज्ञ भी मौजूद रहेंगे।
यह आधुनिक और खास तकनीक वाली मशीन रक्षा विनिर्माण क्षेत्र के लिए देश की एक बहुत ही महत्वपूर्ण राष्ट्रीय संपत्ति साबित होगी। यह महामशीन गर्म एल्युमिनियम को एक विशेष रूप से डिजाइन किए गए सांचे से गुजारकर उसे अलग-अलग कठिन और मजबूत रक्षा उपयोगी आकारों में आसानी से ढाल देती है।
विदेशी निर्भरता होगी खत्म और एयरोस्पेस क्षेत्र को मिलेगी ताकत
रक्षा जनसम्पर्क अधिकारी ने इस बड़े प्रोजेक्ट के बारे में मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि इस नई सुविधा के शुरू होने से सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि भारत के रक्षा और सैन्य क्षेत्रों में बेहद महत्वपूर्ण एल्युमिनियम घटकों के आयात पर चल रही निर्भरता पूरी तरह खत्म हो जाएगी।
इस प्रस्तावित हैवी एक्सट्रूज़न प्रेस से देश की सेनाओं और भारतीय एयरोस्पेस क्षेत्रों की विशिष्ट आवश्यकताओं को पूरा करने की क्षमता बहुत अधिक बढ़ जाएगी। अब भारत खुद बड़े, अत्यधिक मजबूत और बेहद सटीक एल्युमिनियम मिश्र धातु (अलॉय) एक्सट्रूज़न का उत्पादन देश के भीतर ही करने में पूरी तरह सक्षम हो जाएगा।
केंद्र सरकार का यह पूरा महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘आत्मनिर्भर भारत’ विजन के तहत स्वदेशी विनिर्माण को बढ़ावा देने वाला है। इसके साथ ही वित्तीय वर्ष 2025-26 में भारत का कुल घरेलू रक्षा उत्पादन भी 1.78 लाख करोड़ रुपये के सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच गया है।
Author: Harikarishan Sharma


