Srinagar News: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर की गई टिप्पणी से देश का सियासी पारा चढ़ गया है। कांग्रेस नेता के इस तीखे बयान पर जम्मू-कश्मीर से लगातार बड़ी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। इस विवाद में अब वक्फ बोर्ड की अध्यक्ष दरख्शां अंद्राबी की भी एंट्री हो गई है।
जम्मू-कश्मीर वक्फ बोर्ड की अध्यक्ष डॉ. सैयद दरख्शां अंद्राबी ने राहुल गांधी के बयान पर गहरी आपत्ति जताई है। उन्होंने कांग्रेस सांसद को मर्यादा में रहने की सख्त नसीहत दे डाली। इस संवेदनशील मुद्दे पर पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने भी भारतीय जनता पार्टी को आड़े हाथों लिया है।
वक्फ बोर्ड अध्यक्ष दरख्शां अंद्राबी का राहुल गांधी पर तीखा पलटवार
राहुल गांधी द्वारा पीएम नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह को कथित तौर पर ‘गद्दार’ कहे जाने पर दरख्शां अंद्राबी बिफर पड़ीं। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को बोलने से पहले सोचना चाहिए। वह देश को कुशलता से चलाने वाले शीर्ष नेतृत्व के बारे में बेहद गैर-जिम्मेदाराना बात कर रहे हैं।
अंद्राबी ने तंज कसते हुए कहा कि अगर कांग्रेस नेता की बातों में थोड़ा भी दम होता, तो आज उनकी राजनीतिक स्थिति कहीं बेहतर होती। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले 12 वर्षों में राहुल गांधी ने लगातार ऐसी बेतुकी बयानबाजी की है। इस कारण उन्होंने राजनीति में अपना स्तर खुद ही गिराया है।
महबूबा मुफ्ती ने भाजपा पर लगाया नफरत फैलाने का गंभीर आरोप
दूसरी तरफ पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी की मुखिया महबूबा मुफ्ती ने इस पूरे विवाद के लिए सीधे तौर पर भाजपा को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने सत्तापक्ष पर देश के भीतर बड़े पैमाने पर नफरत फैलाने का आरोप लगाया। मुफ्ती ने कहा कि इस तरह की नकारात्मक राजनीतिक संस्कृति की शुरुआत खुद भाजपा ने की थी।
महबूबा मुफ्ती ने आगे कहा कि भाजपा के लोग हर मुसलमान और धर्मनिरपेक्ष व्यक्ति को आसानी से गद्दार घोषित कर देते थे। वे विपक्षियों को पाकिस्तान या ईरान जाने की सलाह देते थे। मुफ्ती के अनुसार राहुल गांधी ने उसी भाषा में जवाब दिया है, जो भाषा भाजपा ने देश में फैलाई है।
राहुल गांधी ने जनसभा में दिया था विवादित बयान
यह पूरा विवाद कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के एक हालिया चुनावी रैली में दिए गए भाषण के बाद शुरू हुआ। उन्होंने एक बड़ी जनसभा को संबोधित करते हुए भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पर तीखा हमला बोला था। राहुल ने पार्टी कार्यकर्ताओं को विपक्षी नेताओं का डटकर मुकाबला करने को कहा था।
राहुल गांधी ने रैली में कहा था कि जब आरएसएस कार्यकर्ता सामने आएं, तो उन्हें सीधे जवाब दें। लोगों को उनके मुंह पर कहना चाहिए कि आपके प्रधानमंत्री और गृहमंत्री ने देश के संविधान पर हमला किया है। विपक्ष के इस आक्रामक रुख से देश की राजनीति में नया उबाल आ गया है।
Author: Harikarishan Sharma

