Himachal News: हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड ने 10वीं और 12वीं कक्षा के छात्रों को बड़ी राहत दी है। वार्षिक परीक्षाओं की उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन 2 अप्रैल से शुरू होने जा रहा है। शिक्षा बोर्ड ने इसके लिए अपनी पूरी रूपरेखा तैयार कर ली है। छात्रों का लंबा इंतजार जल्द खत्म होने वाला है। बोर्ड का मुख्य लक्ष्य 30 अप्रैल तक दोनों कक्षाओं के परीक्षा परिणाम घोषित करना है। बोर्ड सचिव डॉ. मेजर विशाल शर्मा ने छात्रों के हित में यह अहम जानकारी साझा की है।
41 केंद्रों पर होगा कॉपियों का मूल्यांकन
बोर्ड परीक्षाओं के बाद कॉपियों की सुरक्षा एक बड़ी जिम्मेदारी होती है। बोर्ड सचिव के अनुसार उत्तरपुस्तिकाओं को दो चरणों में सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाता है। पहले चरण का काम पूरा हो चुका है। अब कॉपियों को जांचने के लिए बोर्ड स्तर पर तैयार किया जा रहा है।
बोर्ड ने कॉपियों की जांच के लिए कुछ अहम कदम उठाए हैं:
- प्रदेश भर में कुल 41 मूल्यांकन केंद्र स्थापित किए गए हैं।
- कॉपियों की जांच के लिए शिक्षकों की सूची तैयार हो गई है।
- शिक्षा विभाग ने सभी शिक्षकों की ड्यूटियां लगा दी हैं।
- 2 अप्रैल से सभी केंद्रों पर शिक्षक कॉपियों की जांच शुरू कर देंगे।
30 अप्रैल तक रिजल्ट जारी करने की तैयारी
शिक्षा बोर्ड ने छात्रों का भविष्य सुरक्षित करने के लिए पहले ही योजना बना ली थी। दिसंबर महीने में ही डेटशीट के साथ पूरा शेड्यूल तय कर लिया गया था। इसी तय कार्यक्रम के तहत बोर्ड पूरी तत्परता से काम कर रहा है। बोर्ड की कोशिश है कि 30 अप्रैल तक 10वीं और 12वीं का फाइनल रिजल्ट हर हाल में जारी कर दिया जाए। इससे छात्रों को कॉलेज और आगे के दाखिले में कोई परेशानी नहीं होगी।
29 मार्च को होगी एकलव्य स्कूलों की परीक्षा
बोर्ड सचिव ने एकलव्य स्कूल की प्रवेश परीक्षाओं पर भी महत्वपूर्ण जानकारी दी है। यह विशेष परीक्षा पूरे प्रदेश में 29 मार्च को आयोजित की जाएगी। इसके लिए शिक्षा बोर्ड ने राज्य भर में कुल 10 परीक्षा केंद्र बनाए हैं।
एकलव्य मॉडल आवासीय स्कूलों के बारे में कुछ खास बातें:
- यह स्कूल जवाहर नवोदय विद्यालय की तर्ज पर काम करते हैं।
- इन्हें केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्रालय द्वारा स्थापित किया गया है।
- हिमाचल के जनजातीय क्षेत्रों में तीन ऐसे विशेष स्कूल मौजूद हैं।
- ये स्कूल चंबा, लाहौल-स्पीति और किन्नौर जिले में स्थित हैं।


