Himachal News: हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां के प्रसिद्ध मंदिरों और बाजारों में साड़ी पहनकर एक विदेशी छात्र किन्नर के रूप में घूम रहा था। पुलिस ने जब लोगों की शिकायत पर जांच की, तो उसकी असलियत सामने आ गई। यह व्यक्ति पड़ोसी देश बांग्लादेश का एक मुस्लिम छात्र निकला है। वह शिमला की एक निजी यूनिवर्सिटी में पत्रकारिता की पढ़ाई कर रहा है।
इंस्टाग्राम से पुलिस तक पहुंची शिकायत
पुलिस को इस मामले में एक लिखित शिकायत मिली थी। शिकायत में बताया गया था कि इंस्टाग्राम पर खुद को बांग्लादेशी बताने वाला एक शख्स शिमला में वेश बदलकर घूम रहा है। आरोप था कि यह व्यक्ति साड़ी पहनकर लोअर बाजार और ऐतिहासिक कालीबाड़ी मंदिर में जाता है। वह किन्नर बनकर लोगों से पैसे भी मांग रहा था। सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत हरकत में आ गई।
बांग्लादेश के राजशाही का रहने वाला है छात्र
पुलिस ने व्यक्ति को पकड़कर पूछताछ की। उसकी पहचान 30 वर्षीय इस्लाम मोहम्मद शाहिदुल्ल के रूप में हुई। शाहिदुल्ल बांग्लादेश के राजशाही इलाके का रहने वाला है। वह शिमला के एक निजी विश्वविद्यालय में साल 2024 से पढ़ रहा है। वर्तमान में वह बीजेएमसी कोर्स के चौथे सेमेस्टर का छात्र है।
मां काली का भक्त होने का किया दावा
पूछताछ में छात्र ने पुलिस को हैरान करने वाली बात बताई। उसने दावा किया कि वह किन्नर समुदाय से ताल्लुक रखता है। वह खुद को मां काली का भक्त बताता है। उसने कहा कि इसी वजह से वह शिमला के कालीबाड़ी और जाखू मंदिर जाता है। उसने जबरन पैसे मांगने के आरोप को गलत बताया। छात्र का कहना है कि लोग अपनी मर्जी से उसे दान देते हैं।
पासपोर्ट और स्टडी वीजा मिले वैध
पुलिस ने छात्र के सभी दस्तावेजों की बारीकी से जांच की। जांच में उसका पासपोर्ट, स्टडी वीजा और बांग्लादेश का राष्ट्रीय आईडी कार्ड बिल्कुल सही मिला। उसकी 10वीं-12वीं की मार्कशीट और विश्वविद्यालय की फीस रसीद भी असली पाई गई। फिलहाल पुलिस इस मामले की आगे की जांच कर रही है।


