Haryana News: हरियाणा सरकार ने अपने हजारों ग्रुप डी कर्मचारियों के लिए एक बड़ा फैसला लिया है। अब इन कर्मचारियों को कॉमन कैडर में रहने या इससे बाहर जाने का वन-टाइम ऑप्शन मिलेगा। चीफ सेक्रेटरी अनुराग रस्तोगी ने इस बारे में एक ऑफिशियल लेटर जारी कर दिया है। सभी अधिकारियों को यह प्रोसेस टाइम लिमिट में पूरा करना होगा।
इस नए ऑर्डर के अनुसार यह प्रोसेस एडवरटाइजमेंट नंबर 04/2018 के तहत नियुक्त सभी ग्रुप डी कर्मचारियों पर लागू होगा। इसके साथ ही 28 मार्च 2018 से 31 मार्च 2020 के बीच अनुकंपा के आधार पर जॉब पाने वाले कर्मचारी भी इसके दायरे में आएंगे। इस बदलाव से सर्विस स्ट्रक्चर में सुधार होगा।
कर्मचारियों को मिलेंगे अलग-अलग सर्विस रूल्स के ऑप्शन
जो कर्मचारी कॉमन कैडर में रहने का ऑप्शन सेलेक्ट करेंगे, वे हरियाणा ग्रुप डी एम्प्लॉई एक्ट 2018 के तहत काम करेंगे। वहीं, जो कर्मचारी इस कैडर से बाहर होने का ऑप्शन चुनेंगे, उन पर उनके संबंधित डिपार्टमेंट के सर्विस रूल्स लागू होंगे। इस सिस्टम में पूरी तरह ट्रांसपेरेंसी बनाए रखने की कोशिश की गई है।
एलिजिबल कर्मचारी 1 जुलाई से 15 जुलाई 2026 तक ऑनलाइन रिक्रूटमेंट पोर्टल https://recruitment.groupd.csharyana.gov.in/ पर जाकर अपना ऑप्शन सबमिट कर सकते हैं। यह पूरा ऑनलाइन सिस्टम ओटीपी बेस्ड होगा। कर्मचारी केवल अपने एचआरएमएस में रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर का उपयोग करके ही पोर्टल पर आसानी से लॉग इन कर पाएंगे।
चीफ सेक्रेटरी ने सभी हेड ऑफ डिपार्टमेंट्स को सख्त निर्देश दिए हैं कि वे हर एलिजिबल कर्मचारी का ऑप्शन टाइम पर सबमिट करवाएं। यदि कोई कर्मचारी दी गई डेडलाइन तक अपना ऑप्शन ऑनलाइन दर्ज नहीं करता है, तो उसे ऑटोमैटिक रूप से कॉमन कैडर में बने रहने के लिए सहमत मान लिया जाएगा।

