Haridwar News: आज के दौर में खराब जीवनशैली के कारण थायराइड, मोटापा, डायबिटीज और दिल की बीमारियों के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। हैरान करने वाली बात यह है कि इन तमाम गंभीर समस्याओं का सीधा कनेक्शन हमारे पैर के तलवों से जुड़ा होता है। शरीर को स्वस्थ रखने के लिए नियमित एक्सरसाइज और योग बेहद जरूरी है। योग के जरिए न सिर्फ गंभीर बीमारियां ठीक होती हैं, बल्कि पैर के तलवों और एड़ी के असहनीय दर्द से भी हमेशा के लिए छुटकारा मिल जाता है।
इन दिनों लोग पैर के तलवे और एड़ी के हिस्से में होने वाले तेज दर्द से सबसे ज्यादा परेशान हैं। चिकित्सा विज्ञान में इस दर्दनाक स्थिति को प्लांटर फेशियाइटिस कहा जाता है। आमतौर पर 40 से 70 साल की उम्र के लोगों में यह समस्या सबसे ज्यादा देखने को मिलती है। दरअसल, पैर के निचले हिस्से में कुशन जैसा एक मोटा और लचीला रबर बैंड नुमा स्ट्रक्चर होता है, जो चलते या दौड़ते समय हमारे शरीर के पूरे दबाव को झेलकर शॉक एब्जॉर्बर की तरह काम करता है।
जानिए क्यों होता है एड़ियों और तलवों में बेइंतहा दर्द
इस लचीले हिस्से को प्लांटर कहते हैं और जब इस पर मानसिक या शारीरिक तनाव बढ़ता है, तो इसमें गंभीर सूजन आ जाती है। इसी सूजन के कारण तलवों और एड़ियों में बेइंतहा दर्द महसूस होने लगता है। योग गुरु स्वामी रामदेव के अनुसार, प्लांटर में इस तनाव और सूजन के बढ़ने के पीछे कई मुख्य कारण जिम्मेदार होते हैं। शरीर में यूरिक एसिड का बढ़ना, अनियंत्रित डायबिटीज, हाइपोथायराइड, मोटापा, पुराना फ्रैक्चर या फ्लैट फुट की समस्या इस दर्द को काफी बढ़ा देती है।
अक्सर कई बार देर तक एक ही पोजीशन में बैठे रहने या पैर लटकाने से पंजे अचानक सुन्न हो जाते हैं। डॉक्टरों के मुताबिक, ऐसा नसों की कमजोरी के कारण होता है। जब शरीर के किसी विशेष हिस्से में ब्लड सप्लाई यानी खून का प्रवाह कम हो जाता है, तो वह अंग सुन्न पड़ जाता है। अगर आपके साथ ऐसा बार-बार हो रहा है, तो यह शरीर में आयरन की भारी कमी का भी एक बड़ा और साफ संकेत हो सकता है, जिसे बिल्कुल नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
स्वामी रामदेव के इन आयुर्वेदिक उपायों से बीमारियां होंगी दूर
योग गुरु स्वामी रामदेव के अनुसार, रोज योग करने से शरीर की एनर्जी बढ़ती है और बीपी, शुगर, वजन व कोलेस्ट्रॉल पूरी तरह कंट्रोल में रहता है। थायराइड को नियंत्रित करने के लिए रोजाना वर्कआउट करें, सुबह सेब का सिरका पीएं और रात में हल्दी वाला दूध लें। इसके अलावा, रोजाना कुछ देर धूप में जरूर बैठें और 7 घंटे की भरपूर नींद लें। अच्छी सेहत और मजबूत इम्यूनिटी के लिए गिलोय-तुलसी का काढ़ा, मौसमी फल और बादाम-अखरोट को अपनी डाइट में शामिल करें।
हार्ट को पूरी तरह हेल्दी रखने के लिए ‘लौकी कल्प’ का सहारा लें, जिसके तहत लौकी का सूप, सब्जी और जूस का सेवन करना बेहद फायदेमंद माना जाता है। किडनी की बीमारियों को कंट्रोल करने के लिए अपने भोजन में नमक, चीनी और हैवी प्रोटीन की मात्रा को तुरंत कम कर देना चाहिए। इन आसान आयुर्वेदिक नियमों और नियमित योगासनों को अपनाकर आप प्लांटर फेशियाइटिस के दर्द के साथ-साथ शरीर की तमाम लाइफस्टाइल से जुड़ी बीमारियों को जड़ से खत्म कर सकते हैं।

