Health News: अधिकांश घरों में सुबह की शुरुआत एक गर्मागर्म कप कॉफी के साथ होती है। नींद दूर भगाने और सुस्ती मिटाने के लिए लोग कॉफी का सहारा लेते हैं। लेकिन अक्सर यह चर्चा सुनने को मिलती है कि ज्यादा कॉफी पीने से इंसानी हड्डियां पूरी तरह कमजोर हो जाती हैं।
आम धारणा है कि कॉफी में मौजूद कैफीन हड्डियों के घनत्व को नुकसान पहुंचाता है। इस दावे में आखिर कितनी सच्चाई है और विज्ञान इस बारे में क्या कहता है? इसी महत्वपूर्ण विषय पर सटीक और सही जानकारी हासिल करने के लिए हमने देश के जाने-माने विशेषज्ञों से खास बातचीत की है।
क्या वाकई कॉफी से कमजोर होती हैं हड्डियां?
मशहूर न्यूट्रिशनिस्ट नेहा सिन्हा ने बताया कि कॉफी में मुख्य रूप से कैफीन नामक तत्व पाया जाता है। यह तत्व मानव शरीर को एक्टिव रखने और मानसिक तनाव को कम करने में बेहद मददगार होता है। हालांकि, इसका हड्डियों के सीधे कमजोर होने से कोई वैज्ञानिक संबंध नहीं मिला है।
एक्सपर्ट के अनुसार, कैफीन का बहुत अधिक मात्रा में सेवन शरीर के भीतर कैल्शियम एब्जॉर्ब यानी अवशोषित होने की प्राकृतिक प्रक्रिया को धीमा कर सकता है। हम सभी जानते हैं कि हड्डियों की मजबूती और बेहतर विकास के लिए कैल्शियम सबसे जरूरी और प्राथमिक पोषक तत्व माना जाता है।
क्या कहती है इस विषय पर हालिया स्टडी?
साल 2022 में मेडिकल जर्नल में प्रकाशित एक शोध के मुताबिक, कैफीन शरीर में कैल्शियम के मेटाबॉलिज्म और विटामिन डी की क्रिया को थोड़ा प्रभावित कर सकती है। हालांकि, इस स्टडी में ऐसा कोई भी ठोस तथ्य नहीं मिला है, जो सीधे हड्डियों के कमजोर होने की पुष्टि करता हो।
अध्ययन में इस बात का भी कोई प्रमाण नहीं मिला है कि नियमित कॉफी पीने से बोन मिनरल डेंसिटी कम होती है। एक स्वस्थ वयस्क व्यक्ति पूरे दिन में आराम से 200 से 300 मिलीग्राम तक कैफीन का सेवन कर सकता है। यानी दिनभर में एक से दो कप कॉफी पीना पूरी तरह सुरक्षित है।
किन लोगों को बरतनी चाहिए सबसे ज्यादा सावधानी?
अगर कोई व्यक्ति जरूरत से ज्यादा कॉफी पीता है, तो उसके भोजन से कैल्शियम सोखने की शरीर की क्षमता प्रभावित होने लगती है। ऐसे में मेनोपॉज के दौर से गुजर रहीं महिलाओं, बुजुर्गों और शरीर में पहले से कैल्शियम या विटामिन डी की कमी वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।
हड्डियों को फौलादी और सेहतमंद बनाए रखने के लिए अपने दैनिक आहार में दूध, दही, पनीर और हरी पत्तेदार सब्जियों को जरूर शामिल करें। इसके साथ ही पर्याप्त मात्रा में धूप लें ताकि विटामिन डी मिले। नियमित वॉक, एक्सरसाइज करें और धूम्रपान या शराब जैसी बुरी आदतों से हमेशा दूर रहें।
Author: Asha Thakur


