Greater Noida News: नॉलेज पार्क कोतवाली पुलिस ने मोबाइल चोरी करने वाले एक बड़े अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस टीम ने गिरोह के दो शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से आइक्यूओओ कंपनी के 316 चोरी के महंगे मोबाइल फोन बरामद हुए हैं। बाजार में इन फोन की कीमत करीब 1.50 करोड़ रुपये आंकी गई है।
अपर पुलिस उपायुक्त (एडीसीपी) ग्रेटर नोएडा संतोष कुमार के मुताबिक, शनिवार को पुलिस टीम ने सेक्टर-148 मेट्रो स्टेशन के पास से चेकिंग के दौरान दादूपुर निवासी विजय उर्फ नीटू और बुलंदशहर निवासी मिथुन को दबोचा। आरोपियों के पास से एक ऑटो भी बरामद हुआ है, जिस पर फर्जी नंबर प्लेट लगी हुई थी।
दिल्ली के द्वारका वेयरहाउस से उड़ाए थे करोड़ों के स्मार्टफोन
पूछताछ में आरोपियों ने कुबूल किया कि उन्होंने अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर दिल्ली के द्वारका इलाके में स्थित एक बड़े वेयरहाउस से यह सारे मोबाइल फोन चोरी किए थे। इस बड़ी चोरी के संबंध में दिल्ली के द्वारका सेक्टर-23 थाने में पहले से ही मुकदमा दर्ज है। आरोपी इन मोबाइल्स को बाजार में सस्ते दामों में खपाने की फिराक में घूम रहे थे।
पुलिस जांच में सामने आया है कि इस पूरे गैंग का मास्टरमाइंड हापुड़ का रहने वाला मनोज है। मनोज अभी पुलिस की गिरफ्त से दूर है और घटना के बाद से ही उसने अपना मोबाइल फोन बंद कर रखा है। गिरफ्तार आरोपी विजय असल में फरार सरगना मनोज का सगा बहनोई है, जो इस पूरी वारदात में शामिल था।
गिरफ्तार मुख्य आरोपी विजय पर दर्ज है दुष्कर्म और पॉक्सो का केस
पुलिस रिकॉर्ड की जांच करने पर पता चला है कि पकड़े गए आरोपी विजय का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है। आरोपी विजय के खिलाफ हापुड़ जिले के पिलखुवा कोतवाली में दुष्कर्म (रेप), आपराधिक षड्यंत्र रचने, जान से मारने की धमकी देने और गंभीर धाराओं के तहत पॉक्सो एक्ट के मामले पहले से ही दर्ज हैं।
नॉलेज पार्क पुलिस ने इसी गिरोह के तीन अन्य सदस्यों को पहले भी गिरफ्तार किया था। उनके कब्जे से तब 50 लाख रुपये की कीमत के 100 मोबाइल फोन मिले थे। इस तरह अब तक कुल 416 मोबाइल बरामद हो चुके हैं। पुलिस अब इस गिरोह के पूरे नेटवर्क और चोरी के माल को खरीदने वाले दुकानदारों की तलाश में जुटी है।

