Mirzapur News: परचून कारोबारी जितेंद्र पटेल की हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। पुलिस ने रविवार देर रात मुठभेड़ के दौरान दो शातिर बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया है। एनकाउंटर के दौरान दोनों पैर में गोली लगने से घायल हुए हैं, जिन्हें इलाज के लिए सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
इस बड़ी कार्रवाई के बाद पुलिस द्वारा चलाए गए कांबिंग ऑपरेशन में तीन अन्य आरोपियों को भी हिरासत में लिए जाने की सूचना है। पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि इस सनसनीखेज हत्याकांड के तार एक बड़े और एक्टिव साइबर क्रिमिनल गैंग से जुड़े हुए हैं।
लाखों रुपये हड़पने के लिए साइबर अपराधियों ने रची थी साजिश
पुलिस पूछताछ में पता चला है कि घायल और पकड़े गए सभी बदमाश मीरजापुर के अहरौरा इलाके के रहने वाले हैं। पुलिस के अनुसार, साइबर अपराधी जितेंद्र के बैंक खाते में जमा लाखों रुपये गैर-कानूनी तरीके से हड़पना चाहते थे। उन्होंने अकाउंट से पैसे ट्रांसफर करने की कई बार कोशिश की थी।
जब तमाम कोशिशों के बाद भी अपराधियों को रकम नहीं मिली, तो उन्होंने कारोबारी से सीधे लूटपाट करने का प्लान बनाया। आठ जून की रात को जब बदमाशों ने जितेंद्र को लूटने की कोशिश की, तो उन्होंने इसका कड़ा विरोध किया। इसी विरोध के चलते बदमाशों ने उन्हें गोली मार दी थी।
सर्विलांस और टेक्निकल इनपुट की मदद से हत्यारों तक पहुंची पुलिस
मूल रूप से अहरौरा निवासी 35 वर्षीय जितेंद्र पटेल की एक जनरल स्टोर की दुकान थी। आठ जून की रात को वह रोजाना की तरह अपनी दुकान बंद करके बाइक से घर लौट रहे थे। इसी दौरान घात लगाकर बैठे बदमाशों ने उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी थी।
गंभीर हालत में उन्हें तुरंत नजदीकी ट्रामा सेंटर ले जाया गया था, जहां इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। इस अमानवीय वारदात के बाद पुलिस ने टेक्निकल इनपुट और सर्विलांस टीम की मदद से आरोपियों का रूट ट्रैक किया और आखिरकार उन्हें मुठभेड़ में दबोच लिया।
