Himachal Pradesh News: हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में मानसून सीजन की शुरुआत होते ही एक बड़ा हादसा टल गया। यहां के व्यस्त ढली-संजौली बाईपास मार्ग पर अचानक भारी लैंडस्लाइड हो गया। इस दौरान पहाड़ी से भारी मात्रा में मलबा सड़क पर आ गिरा। गनीमत रही कि समय रहते गाड़ियां रुक गईं।
बाईपास हाईवे पर लगा लंबा जाम, बहुमंजिला इमारतें खतरे में
स्थानीय प्रशासन ने भूस्खलन का अंदेशा होते ही तुरंत ट्रैफिक को रोक दिया था। यदि समय पर गाड़ियां नहीं रुकतीं, तो कई वाहन मलबे की चपेट में आ सकते थे। इस लैंडस्लाइड के कारण हाईवे के साथ लगती कई बहुमंजिला इमारतें और होटल भी अब सीधे खतरे की जद में आ गए हैं।
दिल्ली बाईपास के पास स्थित इस पहाड़ी से लगातार छोटे-बड़े पत्थर और बोल्डर गिर रहे हैं। सड़क के ऊपरी हिस्से की चट्टानों में बड़ी-बड़ी दरारें साफ दिखाई दे रही हैं। इन दरारों को देखकर स्थानीय निवासी और वहां से गुजरने वाले ड्राइवर किसी बड़े हादसे की आशंका से बेहद डरे हुए हैं।
शिमला शहर का मुख्य संपर्क मार्ग पूरी तरह हुआ ठप
यह बाईपास रूट शिमला शहर को जोड़ने वाले सबसे मुख्य संपर्क मार्गों में से एक माना जाता है। इस वीआईपी रोड पर दिन-रात गाड़ियों का भारी दबाव रहता है। बारिश के मौसम में जमीन के अंदर पानी जाने से मिट्टी ढीली हो गई है। लोग प्रशासन से इस संवेदनशील पहाड़ी का टेक्निकल सर्वे कराने की मांग कर रहे हैं।
लोक निर्माण विभाग की टीमें मौके पर पहुंच चुकी हैं। हाईवे के दोनों तरफ से मलबे को हटाने के लिए बड़ी जेसीबी मशीनें लगाई गई हैं। हालांकि लगातार गिरते पत्थरों के कारण काम में काफी दिक्कत आ रही है। सुरक्षा के लिहाज से पुलिस ने पूरे इलाके की बैरीकेडिंग कर दी है।
यात्रियों के लिए एडवाइजरी जारी, वैकल्पिक रास्तों का करें इस्तेमाल
ट्रैफिक पुलिस ने इस रूट पर सफर करने वाले यात्रियों के लिए जरूरी एडवाइजरी जारी की है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे इस डेंजर जोन की तरफ जाने से बचें। लोग अपनी यात्रा के लिए दूसरे वैकल्पिक लिंक रोड का इस्तेमाल करें और सुरक्षा कर्मियों के निर्देशों का पालन करें।
Reported By: Sunita Gupta


