Gautam Buddh Nagar News: उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाने में गौतमबुद्ध नगर जिला सबसे बड़ी भूमिका निभा रहा है। वित्तीय वर्ष 2025-26 के ताजा आंकड़ों के अनुसार इस अकेले जिले ने कुल 97,702 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड तोड़ विदेशी निर्यात दर्ज किया है।
गौतमबुद्ध नगर जिले का यह शानदार प्रदर्शन उत्तर प्रदेश के कुल निर्यात का लगभग 49 प्रतिशत हिस्सा है। इसके साथ ही राज्य का कुल विदेशी व्यापार पहली बार 2 लाख करोड़ रुपये के ऐतिहासिक आंकड़े को पार करने में पूरी तरह सफल रहा है।
गौतमबुद्ध नगर बना सूबे का सबसे बड़ा औद्योगिक हब
ताजा औद्योगिक रिपोर्ट के मुताबिक नोएडा और ग्रेटर नोएडा में विकसित बेहतरीन इंफ्रास्ट्रक्चर के कारण यह जिला सबसे आगे रहा। मुख्य रूप से यहां से आधुनिक औद्योगिक मशीनरी, रेडीमेड वस्त्र, मोबाइल फोन, मोबाइल एक्सेसरीज और इलेक्ट्रॉनिक्स उत्पादों का भारी निर्यात किया गया है।
वैश्विक कंपनियों की बड़ी मौजूदगी ने इस ऐतिहासिक कामयाबी में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। पहली बार उत्तर प्रदेश से कुल 2,01,241 करोड़ रुपये के माल का निर्यात दुनिया भर के कई प्रमुख अंतरराष्ट्रीय बाजारों में सुरक्षित तरीके से भेजा गया है।
दुनिया भर के बड़े बाजारों में बढ़ी भारतीय उत्पादों की मांग
राज्य का यह बड़ा निर्यात मुख्य रूप से अमेरिका, ब्रिटेन, संयुक्त अरब अमीरात, जर्मनी और नेपाल जैसे देशों में गया। पिछले वित्तीय वर्ष के मुकाबले इस बार राज्य के कुल निर्यात में 15,182 करोड़ रुपये की एक बड़ी और रिकॉर्ड वृद्धि दर्ज की गई है।
फेडरेशन ऑफ इंडियन एक्सपोर्ट ऑर्गेनाइजेशंस के उप निदेशक रोहित तेजपाल ने बताया कि राज्य से इंजीनियरिंग सामान, वस्त्र, परिधान, फुटवियर, चमड़ा, कालीन और हस्तशिल्प का सबसे ज्यादा निर्यात हुआ। नोएडा क्षेत्र आज देश का प्रमुख इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग हब बन चुका है।
सरकारी नीतियों और इंफ्रास्ट्रक्चर सुधार से मिली बड़ी सफलता
फियो के अतिरिक्त महानिदेशक सुविध शाह ने इस शानदार उपलब्धि का पूरा श्रेय राज्य सरकार की उद्योग और निर्यात केंद्रित नीतियों को दिया। सरकार के लॉजिस्टिक्स इंफ्रास्ट्रक्चर रिफॉर्म, बेहतर कनेक्टिविटी और सुरक्षित माहौल ने प्रदेश को यह बड़ी और ऐतिहासिक सफलता दिलाई है।
इसके साथ ही उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो की भारी सफलता ने भी विदेशी व्यापार को बढ़ाने में मदद की। इस बड़े व्यापारिक मेले के पिछले तीन संस्करणों में रिकॉर्ड संख्या में बड़े विदेशी खरीदारों ने हिस्सा लिया, जिससे स्थानीय एमएसएमई को नया मंच मिला।
इंटरनेशनल ट्रेड शो से मिले अरबों रुपये के नए ऑर्डर
व्यापार विशेषज्ञों के अनुसार ट्रेड शो के दौरान हुई हजारों बिजनेस-टू-बिजनेस बैठकों और व्यापारिक चर्चाओं का बड़ा असर अब दिखने लगा है। इन चर्चाओं का सीधा परिणाम अब वास्तविक निर्यात ऑर्डर्स और दीर्घकालिक विदेशी कारोबारी साझेदारियों के रूप में सामने आ रहा है।
इस वित्तीय वर्ष में निर्यात के मामले में गाजियाबाद जिला दूसरे नंबर पर रहा। सूची में कानपुर तीसरे और मुरादाबाद चौथे स्थान पर दर्ज हुआ। इसके बाद आगरा, अलीगढ़, भदोही, उन्नाव, संभल और अमरोहा जैसे जिलों ने अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है।
यह लगातार हो रही औद्योगिक वृद्धि उत्तर प्रदेश में रोजगार सृजन और स्थानीय विकास को बहुत ज्यादा मजबूती देगी। गौतमबुद्ध नगर की यह बड़ी सफलता राज्य को ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था बनाने के बड़े लक्ष्य की ओर तेजी से आगे बढ़ा रही है।
Author: Rajesh Kumar


