Health News: क्या आपको भी बिना ज्यादा काम किए दिनभर शरीर में कमजोरी और भारी थकान महसूस होती है? या फिर अचानक बैठे-बैठे आपके हाथ-पैरों में सुई चुभने जैसी झुनझुनी होने लगती है? अक्सर लोग इसे सामान्य कमजोरी मानकर नजरअंदाज कर देते हैं।
मेडिकल एक्सपर्ट्स के अनुसार, यह आपके शरीर में विटामिन बी12 (Vitamin B12) की गंभीर कमी का शुरुआती अलार्म हो सकता है। यह विटामिन हमारे नर्वस सिस्टम और रेड ब्लड सेल्स (RBC) को स्वस्थ रखने के लिए बेहद जरूरी है। हमारा शरीर इसे खुद नहीं बना सकता है।
अपोलो दिल्ली के सर्जन डॉ. अंशुमान कौशल के अनुसार, कई मरीजों में बी12 की कमी के लक्षण दिखने के बाद भी ब्लड टेस्ट रिपोर्ट बिल्कुल नॉर्मल आती है। मेडिकल की भाषा में इस पेचीदा स्थिति को ‘फंक्शनल विटामिन B12 डेफिशियेंसी’ के नाम से जाना जाता है।
नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन (NLM) की रिपोर्ट के मुताबिक, दक्षिण भारत के शहरी इलाकों में रहने वाले करीब 44% लोग इसकी कमी से प्रभावित हैं। वहीं yale medicine के अनुसार, विटामिन B12 का स्तर कम होने से संज्ञानात्मक क्षमता में गिरावट और डिमेंशिया का खतरा बढ़ता है।
डेयरी प्रोडक्ट्स हैं शाकाहारियों की पहली पसंद
Harvard Health और अंतरराष्ट्रीय न्यूट्रिशन जर्नल्स के अनुसार, जो लोग मांस-मछली नहीं खाते, उनके लिए दूध और उससे बनी चीजें बी12 का सबसे बड़ा प्राकृतिक स्रोत हैं। इस कमी से बचने के लिए रोजाना आधा लीटर दूध, ताजा दही और पनीर को डाइट में शामिल करें।
दही में मौजूद गुड बैक्टीरिया पेट से लेकर आंतों तक की सेहत को दुरुस्त रखने में मदद करते हैं। शरीर की नसों की कमजोरी दूर करने और एनीमिया जैसी गंभीर बीमारी को रोकने में यह प्राकृतिक आहार जादुई असर दिखाता है। इसका नियमित सेवन बेहद जरूरी है।
फोर्टिफाइड अनाज और प्लांट मिल्क का करें सेवन
वीगन (Vegan) या उन लोगों के लिए जो दूध नहीं पचा पाते, फोर्टिफाइड फूड्स सबसे बेस्ट विकल्प हैं। फोर्टिफाइड का मतलब है ऐसे खाद्य पदार्थ जिनमें प्रोसेसिंग के दौरान बाहर से जरूरी विटामिन्स मिलाए जाते हैं। यह शरीर को तुरंत ऊर्जा देने का काम करते हैं।
बाजार में मिलने वाले फोर्टिफाइड ओट्स, कॉर्नफ्लेक्स या फोर्टिफाइड सोया मिल्क और बादाम मिल्क का सेवन शरीर में विटामिन बी12 की कमी को आसानी से पूरा करता है। सुबह के नाश्ते में इसका नियमित सेवन करने से दिनभर शरीर में बेहतरीन एनर्जी बनी रहती है।
न्यूट्रिशनल यीस्ट और खास मशरूम भी हैं मददगार
The Journal of Nutrition की एक रिपोर्ट के अनुसार, फोर्टिफाइड न्यूट्रिशनल यीस्ट विटामिन बी12 का एक बेहतरीन शाकाहारी स्रोत है। यह पीले रंग का पाउडर या फ्लेक्स के रूप में आता है। रोजाना सिर्फ एक चम्मच न्यूट्रिशनल यीस्ट को सूप, पास्ता या दाल में मिलाकर खाएं।
इसके अलावा, Journal of Agricultural and Food Chemistry के एक शोध के अनुसार, सूखे हुए शिटाके मशरूम में भी विटामिन बी12 की कुछ मात्रा पाई जाती है। हालांकि यह मात्रा बहुत अधिक नहीं होती, लेकिन यह संतुलित शाकाहारी आहार का एक अच्छा हिस्सा हो सकती है।
Author: Asha Thakur


