Health News: आज के दौर में फिटनेस के प्रति जागरूक लोग अपनी डाइट और एक्सरसाइज को लेकर बेहद सतर्क रहते हैं। सेहत को दुरुस्त करने के लिए चुकंदर का जूस पीना हमेशा से ही बेहद फायदेमंद माना जाता रहा है। इसमें भरपूर फाइबर, प्रोटीन, फोलेट, पोटैशियम और आयरन जैसे आवश्यक पोषक तत्व होते हैं।
लेकिन फिटनेस की दुनिया में अक्सर यह सवाल पूछा जाता है कि क्या वर्कआउट के दौरान इसका सेवन करने से सच में शारीरिक स्टैमिना बढ़ सकता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, यह जूस स्टैमिना और एक्सरसाइज परफॉर्मेंस को बेहतर बनाने में काफी मदद करता है, खासकर एंड्योरेंस-बेस्ड वर्कआउट के दौरान।
नाइट्रेट्स का पावरहाउस है लाल चुकंदर
वरिष्ठ डॉक्टर अरविंदा एस. एन. के मुताबिक, चुकंदर में प्राकृतिक रूप से नाइट्रेट्स (nitrates) की मात्रा बहुत अधिक पाई जाती है। जब हम इसका सेवन करते हैं, तो हमारा शरीर इस प्राकृतिक नाइट्रेट को आसानी से नाइट्रिक ऑक्साइड (Nitric oxide) में बदल देता है।
यह नाइट्रिक ऑक्साइड शरीर की खून की नसों को आराम देने और उन्हें चौड़ा करने का महत्वपूर्ण काम करता है। इससे हैवी फिजिकल एक्टिविटीज के दौरान हमारी मांसपेशियों तक खून का फ्लो और ऑक्सीजन की सप्लाई बहुत बेहतर हो जाती है। जिसके कारण मांसपेशियां ज्यादा सही तरीके से काम कर पाती हैं।
थकान को दूर भगाने में मिलती है मदद
नाइट्रेट्स के अलावा चुकंदर में शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट्स, आयरन, पोटैशियम और विटामिन सी भी मौजूद होते हैं, जो दिल और मांसपेशियों के पूरे स्वास्थ्य को सहारा देते हैं। वर्कआउट से पहले चुकंदर का जूस पीने से दौड़ने, साइकिल चलाने और तैरने जैसी हाई-इंटेंसिटी ट्रेनिंग में काफी मदद मिलती है।
चुकंदर का जूस लोगों को जल्दी थकने से रोकता है और ज्यादा देर तक एक्सरसाइज करने में मदद करता है। हालांकि, चुकंदर के जूस को सही पोषण, उचित हाइड्रेशन, अच्छी नींद और बुनियादी ट्रेनिंग का विकल्प बिल्कुल नहीं माना जाना चाहिए। इसके लिए एक सही लाइफस्टाइल फॉलो करना बेहद जरूरी है।
इन लोगों को भूलकर भी नहीं करना चाहिए सेवन
डॉक्टर अरविंदा के अनुसार, जिन लोगों का ब्लड प्रेशर अक्सर कम रहता है, उन्हें इसका सेवन करने से बचना चाहिए। इसके अलावा जिन्हें किडनी में पथरी (Stone) होने का खतरा रहता है, उन्हें नियमित रूप से या बड़ी मात्रा में इसका सेवन करने से पहले हमेशा डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।
चुकंदर में ऑक्सालेट्स की मात्रा बहुत ज्यादा होती है, जो पथरी की समस्या को और बढ़ा सकती है। साथ ही यह शरीर के ब्लड प्रेशर को और भी कम कर सकता है। इसलिए लो ब्लड प्रेशर के मरीजों को बिना चिकित्सकीय परामर्श के इसका जूस बिल्कुल नहीं पीना चाहिए।
बिना जिम जाए घर पर कैसे बनाएं फौलादी मसल्स
स्वास्थ्य विशेषज्ञ डॉक्टर मानसी निगम के अनुसार, सही एक्सरसाइज, बैलेंस डाइट और पर्याप्त नींद के जरिए बिना जिम जाए भी घर पर बहुत अच्छी मसल्स बनाई जा सकती हैं। घर पर की जाने वाली कुछ बुनियादी बॉडीवेट एक्सरसाइज शरीर की कई मांसपेशियों को एक साथ एक्टिव कर देती हैं।
पुश-अप्स, स्क्वैट्स, लंजेस, प्लैंक और पुल-अप्स जैसी बेहतरीन एक्सरसाइज शरीर को प्राकृतिक रूप से मजबूत बनाती हैं। इन एक्सरसाइज को नियमित रूप से करने से शरीर की ताकत तेजी से बढ़ती है और मसल्स टोन होने लगती हैं। इन्हें करने के लिए किसी महंगी मशीन की जरूरत नहीं होती।
मसल्स ग्रोथ के लिए डाइट और आराम का नियम
डॉक्टर मानसी निगम का कहना है कि केवल हैवी एक्सरसाइज ही नहीं, बल्कि सही खानपान भी मसल्स के लिए बेहद जरूरी होता है। शरीर की मांसपेशियों को रिपेयर और मजबूत बनाने के लिए प्रोटीन का पर्याप्त सेवन सबसे जरूरी माना जाता है। इसके लिए दूध, अंडे, दालें और पनीर खाएं।
मांसपेशियां केवल एक्सरसाइज के दौरान नहीं, बल्कि हमारे आराम करने के समय विकसित होती हैं। अगर शरीर को पर्याप्त आराम नहीं मिलता, तो मसल्स रिकवर नहीं हो पातीं और कमजोरी महसूस होने लगती है। रोजाना 7 से 8 घंटे की गहरी नींद शरीर की फिटनेस को बनाए रखती है।
जो लोग लंबे समय तक बैठकर काम करते हैं, उन्हें शुरुआत में हमेशा हल्की एक्सरसाइज से ही शुरुआत करनी चाहिए। धीरे-धीरे शरीर एक्टिव होने लगता है और ताकत बढ़ने लगती है। किसी भी महंगी जिम मशीन से ज्यादा कसरत में निरंतरता जरूरी होती है, जिससे बेहतर रिजल्ट मिलते हैं।
Author: Asha Thakur

