Kangra News: हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में ड्यूटी के दौरान तीन महिला वन मित्रों से कथित दुर्व्यवहार और मारपीट का मामला सामने आया है। लापियाना वन उपमंडल में तैनात एक वन रक्षक को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। वन विभाग ने आरोपी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर जांच शुरू कर दी है।
अधिकारियों के अनुसार, घटना 27 मई को लापियाना क्षेत्र में हुई। उस समय महिला वन मित्र अपनी ड्यूटी पर थीं। आरोप है कि वन रक्षक शराब के नशे में मौके पर पहुंचा और उसने महिला कर्मचारियों से अभद्र भाषा में बात की। विरोध करने पर विवाद बढ़ गया।
वन विभाग ने तुरंत निलंबन की कार्रवाई की
धर्मशाला के डीएफओ अमित शर्मा ने बताया कि मामले का संज्ञान मिलते ही विभाग ने आरोपी वन रक्षक के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू की। उसे जांच लंबित रहने तक निलंबित कर दिया गया है। निष्पक्ष जांच के लिए निलंबन अवधि में उसे धर्मशाला वन प्रभाग से बाहर भेजा गया है।
डीएफओ के अनुसार, महिला वन मित्रों ने अभद्र व्यवहार पर आपत्ति जताई थी। इसके बाद कहासुनी बढ़ी और आरोपी ने कथित तौर पर उन पर हमला कर दिया। इस हमले में तीनों महिलाएं घायल हुईं। बाद में उन्होंने पुलिस और वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को शिकायत दी।
शिकायत के बाद पुलिस ने आरोपी को पकड़ा
शिकायत मिलने के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची और आरोपी वन रक्षक को गिरफ्तार कर लिया। संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है। अधिकारियों ने कहा कि बयान और उपलब्ध साक्ष्य जांच में शामिल किए जा रहे हैं।
वन विभाग ने साफ किया है कि कार्यस्थल पर किसी भी कर्मचारी के साथ दुर्व्यवहार बर्दाश्त नहीं होगा। विभागीय जांच में यह देखा जाएगा कि आरोपी उस समय ड्यूटी पर किस स्थिति में था। जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई सेवा नियमों के आधार पर तय की जाएगी।
यह मामला महिला फील्ड स्टाफ की सुरक्षा से भी जुड़ गया है। वन मित्रों को कई बार दूरदराज और संवेदनशील क्षेत्रों में ड्यूटी करनी पड़ती है। ऐसे में विभाग पर सुरक्षित कार्य माहौल सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी बढ़ जाती है। स्थानीय स्तर पर घटना को लेकर नाराजगी भी देखी जा रही है।
अधिकारियों ने बताया कि तीनों घायल महिला वन मित्रों की शिकायत को गंभीरता से लिया गया है। पुलिस की कानूनी प्रक्रिया और विभागीय जांच साथ-साथ आगे बढ़ रही है। जांच में दोष सिद्ध होने पर आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा सकती है।
Author: Raj Thakur

