Delhi News: भारत मौसम विज्ञान विभाग ने देश के कई इलाकों में अगले कुछ दिनों तक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। दिल्ली और उत्तर प्रदेश के कई जिलों में रात से लगातार पानी बरस रहा है। दक्षिण-पश्चिम मानसून के सक्रिय होने से उत्तर-पश्चिम और पश्चिमी तट पर स्थिति गंभीर बनी हुई है।
मौसम विभाग के अनुसार पूर्वोत्तर भारत, मध्य प्रदेश और राजस्थान में बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। एक्सपर्ट्स ने गुजरात और महाराष्ट्र के तटीय इलाकों में भी रेड अलर्ट घोषित किया है। इन राज्यों में तेज हवाओं के साथ बिजली गिरने और भारी आंधी-तूफान का बड़ा खतरा बना हुआ है।
भारी बारिश से महाराष्ट्र में रेल और सड़क यातायात पूरी तरह ठप
लगातार बारिश से महाराष्ट्र में नदियां उफान पर हैं और कई जगहों पर भूस्खलन की खबरें आई हैं। नासिक में गोदावरी नदी का जलस्तर खतरे के निशान के पास पहुंच गया है। मुंबई में भारी जलभराव के कारण लोकल ट्रेन सेवा प्रभावित हुई है, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
पालघर के वसई-विराम क्षेत्र में रेलवे ट्रैक पर पानी भरने से लंबी दूरी की ट्रेनें रुक गई हैं। इस मानसून सीजन में हादसे और बाढ़ के कारण अब तक बासठ लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं दो सौ से अधिक पालतू जानवरों ने भी अपनी जान गंवाई है, जिससे ग्रामीण इलाकों में काफी डर का माहौल है।
पालघर के एक गांव से बेहद भावुक करने वाली तस्वीर सामने आई है। वहां स्थानीय लोगों ने घर के लकड़ी के दरवाजे को स्ट्रेचर बनाया। इसके बाद उन्होंने गहरे पानी के बीच पैदल चलकर एक गर्भवती महिला को सुरक्षित अस्पताल पहुंचाया। इस घटना ने प्रशासन के तमाम दावों की पोल खोलकर रख दी है।
बीते चौबीस घंटों में देश के विभिन्न राज्यों में बिगड़ा मौसम
कोंकण, मध्य महाराष्ट्र और दक्षिण कर्नाटक में पिछले चौबीस घंटों के दौरान अत्यंत भारी बारिश दर्ज की गई है। इन क्षेत्रों में इक्कीस सेंटीमीटर से भी ज्यादा पानी बरसा है। इसके साथ ही इन सभी स्थानों पर तेज आंधी-तूफान के साथ आकाशीय बिजली गिरने से सामान्य जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है।
मराठवाड़ा, सौराष्ट्र, कच्छ, मध्य प्रदेश और बिहार में भी बारह से बीस सेंटीमीटर तक भारी बारिश रिकॉर्ड हुई है। पूर्वी उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और हरियाणा में भी सात से ग्यारह सेंटीमीटर तक पानी गिरा है। मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों तक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है।
इस बारिश से लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत तो मिली है, लेकिन जलभराव ने नई मुसीबतें खड़ी कर दी हैं। सड़कों पर गहरे गड्ढों के कारण लोग दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं। मुख्य मार्गों पर भारी ट्रैफिक जाम लगने से ऑफिस जाने वाले लोग घंटों फंसे रहने को मजबूर हैं।

