Samastipur News: केंद्र सरकार ने रबी विपणन सीजन 2026-27 के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) में बड़ी वृद्धि की घोषणा की है। किसानों को उनकी फसल का लाभकारी मूल्य दिलाने के उद्देश्य से गेहूं के दाम में 160 रुपये की बढ़ोतरी की गई है। अब गेहूं का नया समर्थन मूल्य 2585 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है। दरभंगा प्रमंडल के संयुक्त निदेशक ने जिला कृषि अधिकारियों को इस नई दरों का व्यापक प्रचार-प्रसार करने का सख्त निर्देश दिया है ताकि गांव-गांव तक किसानों को इसकी जानकारी मिल सके।
सूरजमुखी और मसूर पर सरकार का विशेष दांव
दलहन और तिलहन के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने ऐतिहासिक कदम उठाए हैं। इस बार सबसे अधिक बढ़ोतरी सूरजमुखी (कुसुम) के एमएसपी में देखने को मिली है। इसकी कीमत में सीधे 600 रुपये का इजाफा किया गया है, जिससे यह अब 6540 रुपये प्रति क्विंटल हो गई है। वहीं, मसूर की खेती करने वाले किसानों को भी बड़ी राहत मिली है। मसूर के दाम में 300 रुपये की वृद्धि के साथ अब इसका सरकारी भाव 7000 रुपये प्रति क्विंटल पहुंच गया है।
सरसों और चना उत्पादकों को मिलेगा बंपर लाभ
खाद्य तेलों के आयात पर निर्भरता कम करने के लिए सरसों की एमएसपी में भी 250 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की गई है। सरसों का नया भाव अब 6200 रुपये तय किया गया है। चने की खेती करने वाले किसानों के लिए भी अच्छी खबर है, क्योंकि इसके दाम में 225 रुपये की वृद्धि की गई है, जिससे यह 5875 रुपये प्रति क्विंटल हो गया है। जौ के दाम में भी 170 रुपये का इजाफा किया गया है, जो अब 2150 रुपये प्रति क्विंटल की दर से खरीदा जाएगा।
लागत का डेढ़ गुना दाम सुनिश्चित करने की पहल
जिला कृषि पदाधिकारी डॉ. सुमित सौरभ के अनुसार, यह बढ़ोतरी 2018-19 के बजट प्रावधानों के अनुरूप है। सरकार का लक्ष्य किसानों को उनकी उत्पादन लागत का कम से कम डेढ़ गुना मूल्य सुनिश्चित करना है। इस प्रोत्साहन राशि से न केवल किसानों की आय में वृद्धि होगी, बल्कि वे गेहूं के साथ-साथ अन्य फसलों की ओर भी आकर्षित होंगे। कृषि विभाग अब पंचायतों और प्रखंडों में कैंप लगाकर किसानों को इन नई दरों और सरकारी खरीद की प्रक्रिया के बारे में जागरूक करने में जुटा है।


