Ayodhya News: उत्तर प्रदेश में अपराधियों के खिलाफ जारी मुहिम में स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) को बड़ी कामयाबी मिली है। एसटीएफ की प्रयागराज यूनिट ने अयोध्या में हुई एक भीषण मुठभेड़ के दौरान दो लाख रुपये के दुर्दांत इनामी अपराधी भानु प्रताप सिंह उर्फ बबलू को मार गिराया है।
यह सनसनीखेज मुठभेड़ रविवार देर रात अयोध्या जिले के महाराजगंज थाना क्षेत्र में स्थित अहमदपुर घाट तिराहे के पास हुई। एसटीएफ की टीम को सूचना मिली थी कि शातिर अपराधी इस इलाके से गुजरने वाला है। इसके बाद पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी।
पुलिस को देख भानु प्रताप सिंह उर्फ बबलू ने खुद को घिरा पाकर आत्मसमर्पण करने के बजाय टीम पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। इस अचानक हुए हमले में एसटीएफ प्रयागराज यूनिट के प्रभारी जेपी राय और उनके एक हमराही सिपाही गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गए।
मुठभेड़ में जवाबी कार्रवाई और मौत
गैंगस्टर की तरफ से लगातार हो रही गोलीबारी के जवाब में एसटीएफ की टीम ने भी आत्मरक्षार्थ गोलियां चलाईं। दोनों तरफ से हुई इस भीषण क्रास फायरिंग में दो लाख का इनामी अपराधी भानु प्रताप गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मारे गए अपराधी की शिनाख्त गोरखपुर जिले के बेलाघाट थाना क्षेत्र के बिखनीपुर निवासी भानु प्रताप सिंह के रूप में हुई है। भानु प्रताप के खिलाफ उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों के थानों में हत्या, लूट और रंगदारी जैसे चालीस से अधिक संगीन आपराधिक मुकदमे दर्ज थे।
घायल पुलिसकर्मियों का चल रहा इलाज
इस खतरनाक ऑपरेशन के दौरान गोली लगने से घायल हुए एसटीएफ प्रभारी जेपी राय और उनके हमराही सिपाही को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों की टीम उनकी स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है और फिलहाल दोनों की हालत स्थिर और खतरे से बाहर बताई जा रही है।
भानु प्रताप सिंह उर्फ बबलू के खात्मे के बाद एसटीएफ और स्थानीय पुलिस ने इलाके में तलाशी अभियान तेज कर दिया है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि मुठभेड़ के समय भानु के साथ कोई और मददगार भी मौजूद था या नहीं।
Author: Raj Thakur


