Himachal News: हिमाचल प्रदेश में अप्रैल महीने की शुरुआत के साथ ही कुदरत के तेवर बेहद सख्त हो गए हैं। राज्य के ऊंचाई वाले इलाकों में भारी बर्फबारी और निचले जिलों में ओलावृष्टि ने सामान्य जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है। बीती रात अटल टनल रोहतांग के पास बर्फबारी के कारण करीब एक हजार वाहनों में सवार पांच हजार पर्यटक फंस गए थे। पुलिस ने घंटों चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद सभी को सुरक्षित निकाला है। मौसम विभाग ने अब 11 अप्रैल तक खराब मौसम का अनुमान जताया है।
अटल टनल पर आधी रात का रेस्क्यू: बर्फ की कैद से निकले हजारों सैलानी
अटल टनल के साउथ पोर्टल पर अचानक हुई बर्फबारी ने पर्यटकों की मुश्किलें बढ़ा दीं। सड़क पर फिसलन होने की वजह से गाड़ियों के पहिये थम गए और देखते ही देखते वाहनों की लंबी कतार लग गई। कुल्लू और लाहौल-स्पीति पुलिस ने मोर्चा संभालते हुए रात भर बचाव कार्य चलाया। सभी पर्यटकों को सुरक्षित मनाली की ओर रवाना किया गया। लाहौल के शोलिंग गांव में भी फंसे 12 वाहनों के यात्रियों को पुलिस ने पास के होमस्टे और होटलों में रुकवाया है।
लाहौल-स्पीति में सफेद चादर: इन जिलों में दर्ज की गई रिकॉर्ड बर्फबारी
बीते 24 घंटों के दौरान लाहौल-स्पीति, किन्नौर और चम्बा के पांगी-भरमौर क्षेत्र में भारी बर्फबारी हुई है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार गोंधला में 28.5 सेंटीमीटर और केलांग में 20 सेंटीमीटर ताजा बर्फ गिरी है। इसके अलावा हंसा और कुकुमसेरी में भी बर्फबारी दर्ज की गई। रोहतांग दर्रा पूरी तरह से सफेद चादर में लिपटा हुआ है। सड़कों पर बर्फ जमने के कारण चम्बा के तीसा मार्ग पर सफर करना खतरनाक हो गया है। प्रशासन ने पत्थर गिरने की आशंका जताई है।
7 और 8 अप्रैल को ऑरेंज अलर्ट: 60 किमी की रफ्तार से चलेंगी बर्फीली हवाएं
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने प्रदेश के कई हिस्सों के लिए ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया है। अगले दो दिनों तक 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की चेतावनी दी गई है। 7 और 8 अप्रैल को राज्य के कई जिलों में भारी ओलावृष्टि और बिजली गिरने की संभावना है। 9 अप्रैल के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। विभाग का कहना है कि पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता के कारण 11 अप्रैल तक राहत मिलने के आसार कम हैं।
तापमान में भारी गिरावट: शिमला से मनाली तक फिर निकले गर्म कपड़े
बेमौसम बर्फबारी और बारिश के कारण हिमाचल के शहरों में पारा तेजी से नीचे गिरा है। कल्पा में न्यूनतम तापमान 0.6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जबकि मनाली में यह 5.1 डिग्री दर्ज किया गया। राजधानी शिमला में तापमान 7.5 डिग्री सेल्सियस रहा, जिससे स्थानीय लोगों को दोबारा भारी ऊनी कपड़े निकालने पड़े हैं। मैदानी इलाकों में भी बारिश और ओलावृष्टि से ठंड बढ़ गई है। सुंदरनगर और धर्मशाला में 18 मिलीमीटर से अधिक बारिश दर्ज की गई है।


