Chandigarh News: हरियाणा सरकार प्रदेश के सबसे गरीब परिवारों के लिए राशन वितरण प्रणाली में एक बड़ा नीतिगत बदलाव करने जा रही है। खाद्य एवं आपूर्ति विभाग की नई योजना के तहत अब अंत्योदय अन्न योजना यानी गुलाबी राशन कार्ड धारकों को मिलने वाला गेहूं परिवार के सदस्यों की संख्या के आधार पर तय किया जाएगा।
पुरानी व्यवस्था की जगह अब प्रति सदस्य सात किलो गेहूं मिलेगा
अभी तक लागू व्यवस्था के अनुसार गुलाबी राशन कार्ड धारक परिवार को हर महीने एकमुश्त पैंतीस किलो गेहूं दिया जाता था। इस नियम में परिवार के सदस्यों की संख्या का कोई प्रभाव नहीं पड़ता था। लेकिन अब नए नियम के तहत हर पात्र सदस्य को सीधे सात किलो गेहूं प्रति माह दिया जाएगा।
खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने इस बड़े बदलाव की पूरी रूपरेखा तैयार कर ली है। इसे जल्द ही जमीनी स्तर पर लागू किया जा सकता है। सरकार के इस कदम से राशन वितरण प्रणाली में अधिक पारदर्शिता आएगी। साथ ही बड़े परिवारों को अपनी जरूरत के मुताबिक पर्याप्त खाद्यान्न आसानी से मिल सकेगा।
समानता और पारदर्शिता लाने के लिए सरकार ने बदला नियम
अधिकारियों के मुताबिक पुरानी व्यवस्था में बड़े परिवारों को पैंतीस किलो गेहूं में गुजारा करने में काफी दिक्कत आती थी। इसके विपरीत छोटे परिवारों के पास राशन जरूरत से ज्यादा हो जाता था। अब प्रति सदस्य सात किलो की नई व्यवस्था लागू होने से राशन का वितरण अधिक तार्किक और सटीक होगा।
राज्य में गुलाबी राशन कार्ड उन अत्यंत गरीब परिवारों के बनाए जाते हैं जिनकी वार्षिक आय बेहद कम होती है। वहीं पीला कार्ड धारकों को पहले से ही प्रति सदस्य पांच किलो के हिसाब से राशन मिल रहा है। विभाग इस नए फॉर्मूले को आगामी राशन चक्र से लागू करने की तैयारी कर रहा है।

