Shimla News: हिमाचल प्रदेश के कई हिस्सों में रातभर हुई मूसलाधार बारिश ने भारी तबाही मचाई है। मौसम के इस बदले मिजाज से चंबा और कुल्लू जिलों में बाढ़ जैसे गंभीर हालात पैदा हो गए हैं। अचानक आई इस आपदा के कारण कई मुख्य सड़कें पूरी तरह बंद हो गई हैं।
प्रशासनिक अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि चंबा जिले के चुराह उपमंडल में स्थिति काफी नाजुक बनी हुई है। यहां के पंगोला नाले में अचानक आई भीषण बाढ़ के कारण चंबा-तिस्सा मुख्य मार्ग बंद हो गया है। इसके चलते सैकड़ों की संख्या में वाहन रास्ते में ही फंस गए हैं।
पागल नाले में बाढ़ आने से कई हाईवे प्रभावित
मौसम के इस रौद्र रूप का असर कुल्लू जिले में भी बड़े पैमाने पर देखने को मिल रहा है। जिले के लारजी-सैंज मार्ग पर स्थित पागल नाले में अचानक बाढ़ आ गई। इस घटना के कारण पूरे क्षेत्र में वाहनों का भारी ट्रैफिक जाम लग गया है और जनजीवन ठप्प है।
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार मंडी जिले के जोगिंदरनगर में सबसे अधिक 97 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। इसके अतिरिक्त कांगड़ा में 74.8 मिलीमीटर, पालमपुर में 35.4 मिलीमीटर, भरवाईं में 34 मिलीमीटर, सराहन में 32.5 मिलीमीटर, रोहड़ू में 30 मिलीमीटर और धर्मशाला में 27.2 मिलीमीटर पानी बरसा है।
मौसम विभाग ने छह जिलों के लिए जारी किया रेड अलर्ट
मौसम विभाग (आईएमडी) ने सोमवार को राज्य के कई हिस्सों में आगामी 24 घंटों के लिए गंभीर चेतावनी जारी की है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार कांगड़ा, ऊना और सिरमौर जिलों में कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश होने की प्रबल आशंका बनी हुई है।
इसके साथ ही चंबा, मंडी और शिमला जिलों में भी भारी बारिश का अनुमान व्यक्त किया गया है। स्थानीय प्रशासन ने इन सभी संवेदनशील क्षेत्रों में अलर्ट जारी कर दिया है। अधिकारियों ने पर्यटकों और स्थानीय लोगों को नदी-नालों से पूरी तरह दूर रहने की सख्त सलाह दी है।

