Jharkhand News: रांची में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रांतीय कार्यालय पर पेट्रोल बम फेंकने के सनसनीखेज मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। इस खतरनाक हमले की साजिश रचने वाले दो मुख्य आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे शहर में अलर्ट घोषित कर दिया है।
पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि दोनों आरोपियों को बुधवार देर रात लोहरदगा जिले से पकड़ा गया। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल की गई एक संदिग्ध कार को भी तुरंत जब्त कर लिया है। संघ ने आरोप लगाया था कि निवारणपुर इलाके में उसके दफ्तर पर हमला हुआ था।
इस गंभीर मामले की जांच के लिए पुलिस प्रशासन ने तुरंत एक विशेष जांच दल का गठन किया। रांची के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन ने बताया कि पुलिस इस मामले में दोनों गिरफ्तार आरोपियों से बेहद कड़ाई से पूछताछ कर रही है, ताकि मुख्य वजह का पता चले।
संघ कार्यालय की बाउंड्री वॉल पार नहीं कर सकीं बोतलें
वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से मिली पुख्ता जानकारी के अनुसार, देर रात बाइक पर सवार होकर दो अज्ञात हमलावर आए थे। आरोपियों ने सॉस की कांच की बोतलों में पेट्रोल भरा था। इसके बाद उन्होंने इसे ज्वलनशील पेट्रोल बम की तरह इस्तेमाल करके दफ्तर के अंदर फेंकने का प्रयास किया।
गनीमत यह रही कि दोनों बोतलें आरएसएस दफ्तर की ऊंची बाउंड्री वॉल को पार नहीं कर सकीं। वे परिसर के बाहर मुख्य सड़क पर ही गिर गईं। इस वजह से वहां कोई बड़ा धमाका या आगजनी नहीं हुई। पुलिस की मुस्तैदी से एक बड़ी अनहोनी समय रहते टल गई।
जांच के दौरान पुलिस को घटनास्थल से कांच की बोतलों के कई टुकड़े बरामद हुए हैं। बोतलों में मौजूद रासायनिक सामग्री का सटीक पता लगाने के लिए फोरेंसिक टीम ने तुरंत मौका मुआयना किया। इसके साथ ही बम निरोधक दस्ते ने भी संघ कार्यालय की सुरक्षा जांची।
एक अन्य पुलिस अधिकारी ने बताया कि बोतलों के अंदर मौजूद लिक्विड के पेट्रोल होने का पूरा संदेह है। राहत की बात यह रही कि वहां कोई आईईडी या घातक विस्फोटक वस्तु नहीं मिली। पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल कर मामले की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है।
Author: Rohit Mahato


