Madhya Pradesh News: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को इटली के रोम में संयुक्त राष्ट्र की संस्था एफएओ ने अपने सर्वोच्च सम्मान से नवाजा है। उन्हें यह प्रतिष्ठित “एफएओ एग्रीकोला मैडल” दिया गया है। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस ऐतिहासिक वैश्विक उपलब्धि पर प्रधानमंत्री मोदी को बधाई दी है।
वैश्विक मंच पर मिला सबसे बड़ा कृषि सम्मान
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को मिला यह सम्मान बेहद खास है। यह पुरस्कार देश के किसानों के जीवन में आ रहे सकारात्मक बदलावों को दर्शाता है। वैश्विक स्तर पर भारत की खाद्य सुरक्षा और कृषि विकास नीतियों को बड़ी मान्यता मिली है।
डॉ. यादव ने कहा कि भारत आज कृषि क्षेत्र में नित नए नवाचार कर रहा है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश खाद्यान्न उत्पादन में आत्मनिर्भरता के नए प्रतिमान गढ़ रहा है। यह सम्मान दुनिया के मंच पर भारतीय कृषि वैज्ञानिकों की उन्नत तकनीक और मेहनत की बड़ी जीत है।
श्रीअन्न को दुनिया भर में मिली नई पहचान
मुख्यमंत्री ने कहा कि पीएम मोदी ने देश में कृषि उत्पादकता बढ़ाने के लिए ऐतिहासिक काम किए हैं। उन्होंने खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ ही किसानों के कल्याण को हमेशा प्राथमिकता दी है। उनके विशेष प्रयासों से ही आज “श्रीअन्न (मिलेट्स)” को वैश्विक स्तर पर एक नई पहचान मिली है।
प्रधानमंत्री मोदी के लगातार प्रयासों के कारण ही आज भारत सहित पूरी दुनिया में मिलेट्स की लोकप्रियता तेजी से बढ़ी है। अब लोग अपने दैनिक भोजन में इसका उपयोग बढ़ा रहे हैं। यह कदम वैश्विक स्तर पर कुपोषण के खिलाफ जंग में मील का पत्थर साबित हो रहा है।
करोड़ों अन्नदाताओं को समर्पित किया अपना पुरस्कार
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रधानमंत्री मोदी के सेवा भाव की जमकर सराहना की है। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी ने संयुक्त राष्ट्र संगठन के इस सर्वोच्च सम्मान को अपने पास नहीं रखा। उन्होंने इस गौरव को तुरंत देश के करोड़ों मेहनती अन्नदाताओं के नाम कर दिया।
प्रधानमंत्री मोदी ने यह प्रतिष्ठित पदक भारत के करोड़ों किसानों, पशुपालकों, मछुआरों और कृषि वैज्ञानिकों को समर्पित किया है। उनका यह कदम यह साबित करता है कि देश के असली नायक हमारे खेतों में दिन-रात पसीना बहाने वाले किसान और ग्रामीण श्रमिक ही हैं।
Author: Harikarishan Sharma


